स्टूडेंट्स को मिलने वाली एससी स्कॉलरशिप स्कीम में गड़बड़ी सामने आने के बाद केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। अब स्कॉलरशिप की राशि सीधे विद्यार्थियों के बैंक खातों में जाएगी। इसके लिए आधार कार्ड से लिंक करके डायरेक्ट बैंक ट्रांसफर किया जाएगा। केंद्रीय राज्यमंत्री विजय सांपला ने बुधवार को पंजाब भवन में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि पंजाब सहित कई राज्यों में काफी गड़बड़ मिलने के बाद केंद्र ने यह फैसला किया है। स्कॉलरशिप विद्यार्थियों के खातों में जाएगी, ट्यूशन फीस संस्थानों को दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि स्कॉलरशिप को लेकर सीएम प्रकाश सिंह बादल ने बयान दिया था. लेकिन बातचीत के बाद मसला हल हो गया है। केंद्र ने एससी स्कॉलरशिप स्कीम के तहत 173 करोड़ जारी किए हैं। केंद्र ने मॉनिटरिंग कमेटी का गठन किया है जो सभी राज्यों में जाकर निगरानी करेगी। केंद्र ने राज्यों को फीस फिक्सेशन कमेटी बनाने के भी निर्देश दिए हैं। ताकि निजी और सरकारी संस्थानों में फीस का अंतर कम किया जा सके।
कोर ग्रुप केसवाल पर उन्होंने कहा कि संविधान के मुताबिक ही इसका गठन किया गया है। सीटें बदलने केसवाल पर उन्होंने कहा कि दोनों दल बैठ कर तय करेंगे। पुरानी टीम केसाथ प्रदेश कार्यकारिणी के मामले में उन्होंने कहा कि सिर्फ प्रधान बदला है, पुरानी टीम ही काम कर रही है। एक-दो जुलाई को प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक बुलाई गई है। एक सवाल पर सांपला ने कहा कि भाजपा किसी चुनावी रणनीतिकार की सेवाएं नहीं लेगी। जो लोग रणनीति बनाने में सक्षम नहीं हैं, वे ऐसा करते हैं। कानून-व्यवस्था पर उन्होंने कहा कि शिअद केसाथ भाजपा की भी जिम्मेदारी बनती है। इसे सीएम के सामने उठाया गया था।
पंजाब में हुआ साठ करोड़ का घोटाला
प्रदेश भाजपा प्रधान विजय सांपला ने बताया कि पंजाब में एससी स्कॉलरशिप में साठ करोड़ का घोटाला हुआ है। हालांकि राज्य सरकार ने अभी तक केंद्र को रिपोर्ट नहीं भेजी है। पंजाब के मसले पर वह खुद नजर रख रहे हैं। अधिकारियों के साथ बैठक भी कर चुके हैं। केंद्र सरकार चाहती है कि निजी संस्थान अपनी फीस लें और अनुसूचित जाति से संबंधित बच्चों को ईमानदारी से शिक्षा प्रदान करें।