आरएसएस पदाधिकारी रविंदर गोसाईं की हत्या की जांच पंजाब सरकार ने राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) के हवाले कर दी है। इसके अलावा परिवार को पांच लाख रुपये की आर्थिक मदद और एक सदस्य को नौकरी देने का भी एलान किया गया है। मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने यह फैसला वीरवार को आरएसएस के नेताओं से मुलाकात के बाद लिया।
आरएसएस नेता यश गिरि ने बताया कि वीरवार को आरएसएस नार्थ जोन के इंचार्ज रामेश्वर की अगुवाई में एक प्रतिनिधिमंडल चंडीगढ़ में कैप्टन अमरिंदर सिंह से मुलाकात करने पहुंचा। उन्होंने सीएम से मांग की कि गोसाईं हत्याकांड की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी से कराई जाए।
इसके साथ परिवार को मुआवजा और एक सदस्य को नौकरी दी जाए। इसके बाद कैप्टन ने मामले की जांच एनआईए को सौंप दी। हालांकि पुलिस कमिश्नर आरएन ढोके ने कहा कि अभी उनके पास इस बाबत कोई अधिकारिक पत्र नहीं आया है।
जानकारी देने वाले को 50 लाख का इनाम, नौकरी
रविंदर गोसाईं मर्डर केस
- फोटो : File Photo
आरोपियों की जानकारी देने वाले को 50 लाख का इनाम, नौकरी
पंजाब पुलिस ने गोसाईं हत्याकांड के आरोपियों के बारे में जानकारी देने वाले को 50 लाख का इनाम और सब इंस्पेक्टर की नौकरी देने का एलान किया है। वहीं पुलिस ने गोसाईं के घर के पास पुलिस का सुरक्षा पहरा लगा दिया है। वहां सादी वर्दी में भी मुलाजिम तैनात किए गए हैं।
गोसाईं हत्याकांड की जांच को एनआईए के हवाले करने का फैसला सही है। इस हत्या के पीछे विदेशी ताकतों का हाथ है।
- रवनीत सिंह बिट्टू, सांसद
एनआईए को हत्याकांड की जांच देने संबंधी अभी कोई अधिकारिक पत्र नहीं आया है। पुलिस अपनी जांच कर रही है। बाइक बरामद की गई है, जो चोरी की थी। बाइक चोरी की शिकायत दर्ज न करने को लेकर दो मुलाजिमों को भी सस्पेंड कर दिया गया है। पुलिस की टीमें जांच कर रही है। उम्मीद है कि कोई न कोई सबूत जल्द मिल जाएगा।
-पुलिस कमिश्नर आरएन ढोके