चंडीगढ़। सेक्टर-48 के अस्पताल का कोना-कोना इन दिनों चूहों के कब्जे में है। आलम यह है कि मरीज और उनके परिजनों के साथ ही अस्पताल के डॉक्टर और कर्मचारी भी चूहों से आतंकित हैं। कारण, चूहे सामान और उपकरण के साथ ही मरीजों के पैर में काटकर भाग जा रहे हैं। वहीं, शिकायत के बावजूद अस्पताल प्रशासन इस ओर गंभीरता से ध्यान नहीं दे रहा है जबकि चूहों से बचाव के लिए बकायदा बजट जारी किया जा रहा है। अस्पताल के मनोचिकित्सा वार्ड में भर्ती एक मरीज के परिजन ने बताया कि चूहे वार्ड में मरीजों के बेड पर घूम रहे हैं। ऑक्सीजन की पाइन पर चढ़कर मरीज के ऊपर गिर जा रहे हैं। खाने-पीने का सामान रखने पर बैग और झोला काट दे रहे हैं। वहीं रेडियोथैरेपी में भर्ती एक मरीज ने बताया कि रात में चूहों के कारण साेने में डर लगने लगा है। कई बार तो वे बेड पर चढ़ जाते हैं। स्थिति यह है कि चूहे प्रथम तल से लेकर तृतीय तल तक अस्पताल में धमा-चौकड़ी मचा रहे हैं।
गौरतलब है कि करोड़ो रुपये से बनाए 100 बेड के अस्पताल उद्घाटन के तीन साल बाद संचालित होना शुरू हुआ है। इसके बावजूद जीएमसीएच-32 के भरोसे पूरी व्यवस्था उधारी की नीति पर चल रही है। ऐसे में एक दिसंबर 2022 से ओपीडी सेवा बहाल की जा चुकी है। मरीजों को सुबह 10 से 12 बजे तक परामर्श दिया जा रहा है। वहीं, इसके लिए सुबह 9 से 11 बजे तक पंजीकरण किया जा रहा है। ओपीडी के साथ ही सेक्टर-48 के अस्पताल में जीएमसीएच-32 से शिफ्ट किए गए त्वचा रोग, मनोरोग, रेडियोथिरैपी और ओंकोलॉजी के साथ टीबी व रेस्पेरिटरी मेडिसिन के फॉलोअप मरीजों को प्री फॉलोअप अप्वांटमेंट के जरिए देखा जा रहा है।
उम्मीदों पर नहीं उतरा खरा
सेक्टर-48 में हॉस्पिटल को बनाने के पीछे मुख्य उद्देश्य 45, 46, 47, 49, 50, 51 जगतपुरा, फैदां, रामदरबार और मोहाली की जनता को स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराना था लेकिन सुविधा शुरू होने के बाद भी इस क्षेत्र की जनता के हाथ निराशा ही लगी है। सेक्टर-48 के अस्पताल को संचालित करने के लिए 74 डॉक्टर, 161 पैरा मेडिकल स्टाफ, 10 प्रशासनिक स्टाफ, एक ज्वाइंट कंट्रोलर, एक डिप्टी कंट्रोलर और एक सेक्शन अफसर की नियुक्ति की जानी थी, लेकिन अब तक तैनाती की प्रक्रिया लंबित है। ऐसे में जीएमसीएच-32 अस्पताल प्रशासन को अपने ही डॉक्टर और स्टाफ वहां तैनात करने पड़ रहे हैं।
इस दिन चल रही ओपीडी
जनरल मेडिसिन : सोमवार और वीरवार
जनरल सर्जरी : मंगलवार और शुक्रवार
बाल रोग : बुधवार
हड्डी रोग: शनिवार
सेक्टर-48 के अस्पताल में मरीजों के हित को ध्यान में रखकर हरसंभव व्यवस्था बहाल की जा रही है। जहां तक चूहों की बात है तो उससे बचाव की भी व्यवस्था की जा रही है। -डॉ. सुधीर गर्ग, चिकित्सा अधीक्षक