कांग्रेसियों पर केस दर्ज करने से भड़के सुखजिंदर रंधावा, बंद गेट खुलवाकर थाने में घुसे डीएसपी से हुई बहस
बेटे उदेवीर सिंह और कार्यकर्ताओं के साथ साढ़े तीन घंटे घेराव, गैंगस्टरों की धमकियों पर कार्रवाई न होने का आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरदासपुर। कांग्रेसियों पर केस दर्ज करने और गैंगस्टरों की धमकियों पर कार्रवाई नहीं होने से भड़के सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने वीरवार को समर्थकों के साथ थाना कलानौर का घेराव किया। करीब साढ़े तीन घंटे चले प्रदर्शन के दौरान पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी हुई। रंधावा बंद गेट खुलवाकर थाने के अंदर दाखिल हुए और डीएसपी से बहस की। इस दौरान उन्होंने थाना प्रभारी (एसएचओ) को आवाज लगाते हुए कहा, ‘ओए एसएचओ, एत्थे आकर गल कर।’ प्रदर्शन की अगुवाई उनके बेटे उदेवीर सिंह रंधावा ने की।
थाने के बाहर लगाए गए पंडाल में सांसद ने पुलिस से कथित तौर पर परेशान कार्यकर्ताओं और आम लोगों को संबोधित किया। पुलिस ने थाने का मुख्य गेट बंद कर रखा था। इसका विरोध करते हुए रंधावा अपने साथियों के साथ गेट को धक्का देकर खोलते हुए अंदर चले गए। इस दौरान एसएसपी गुरदासपुर, डीएसपी और एसएचओ के खिलाफ नारेबाजी की गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर दर्ज मामलों को लेकर भी सांसद ने पुलिस प्रशासन पर सवाल उठाए।
पुलिस गैंगस्टरों के फोन उठा रही
रंधावा ने आरोप लगाया कि अब तो बाड़ ही खेत को खा रही है। पुलिस गैंगस्टरों के गुर्गों के दबाव में काम कर रही है, ऐसे में आम जनता को इंसाफ कैसे मिलेगा। उन्होंने दावा किया कि एसएसपी गैंगस्टरों के फोन उठा रहे हैं और पुलिस की कथित शह से उनके हौसले बुलंद हैं। इलाके में लोगों को फिरौती के लिए फोन आ रहे हैं और जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं, लेकिन पुलिस प्रभावी कार्रवाई नहीं कर रही।
गौरी सलहोत्रा का मामला उठाया
सांसद ने कलानौर के गौरी सलहोत्रा का जिक्र करते हुए कहा कि गैंगस्टरों ने पहले उस पर गोलियां चलाई थीं। इसके बाद भी उसे लगातार धमकियां मिलती रहीं। रंधावा के मुताबिक, धमकियों से जुड़ी रिकॉर्डिंग पुलिस को सुनाने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस की ढीली कार्यप्रणाली के कारण इलाके में गैंगस्टरों और गुंडागर्दी का बोलबाला बढ़ रहा है।
दो एसपी की मौजूदगी में भी प्रदर्शन
रंधावा ने कहा कि थाने में धरने के दौरान दो एसपी भी मौजूद थे, लेकिन इसके बावजूद उन्हें इंसाफ मिलने की उम्मीद नहीं दिख रही। उन्होंने सवाल उठाया कि जब धमकियों और फिरौती मांगने के मामलों में कार्रवाई नहीं होगी तो आम लोग अपनी सुरक्षा के लिए किसके पास जाएंगे। प्रदर्शन के दौरान उदेवीर सिंह रंधावा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भी पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।