अमृतसर देहात पुलिस ने नारको-टेरोरिज्म का भंडाफोड़ करते हुए एक व्यक्ति को गिरफ्तार कर टिफिन बम, 2 एके 56 राइफल, 1 पिस्तौल, 36 कारतूस और 2 किलो हेरोइन बरामद किया है। गिरफ्तार आरोपी युवराज नारको-टेरोरिज्म मॉड्यूल आपरेट करने का मुख्य कर्ताधर्ता है, जो स्टेट पुलिस और केंद्रीय एजेंसियों को पांच अपराधिक मामलों में वांछित था। इनमें से एक केस सितंबर 2019 को तरनतारन में उससे 5 एके-47 राइफल बरामद किए जाने का है। यह जानकारी डीजीपी गौरव यादव ने चंडीगढ़ में दी।
उन्होंने कहा कि टिफिन बम व अन्य हथियार व हेरोइन बरामदगी के मामले में आरोपी के पांच अन्य साथियों की भी पहचान कर ली गई है, जिनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।
डीजीपी गौरव यादव ने अमृतसर देहात पुलिस की ओर से गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान तरनतारन जिला के गांव राजोके निवासी योगराज सिंह उर्फ योग के रूप में बताई। जिसके कब्जे से पुलिस ने आरडीएक्स युक्त टिफिन बम (इंप्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस, आइईडी), 2 अत्याधुनिक एके-56 राइफलें दो मैग्जीन समेत और 30 कारतूस, एक 30 बोर की पिस्तौल, इसके 6 कारतूस और 2 किलो हेरोइन बरामद की गई।
उन्होंने बताया कि पूछताछ में खुलासा हुआ है कि आरोपी योगराज सिंह उर्फ योग कनाडा बैठे गैंगस्टर लखविंदर लंडा के निर्देशों पर पाकिस्तान में बैठे गैंगस्टर हरविंदर रिंदा, हैपी और जेल में बंद तस्कर गुरपवित्र उर्फ साई निवासी लाखना (तरनतारन) के साथ मिलकर संगठित गिरोह चला रहा था। योग बड़े स्तर पर हथियारों और हेरोइन की खेप बड़े स्तर पर मंगवा कर उन्हें आगे सप्लाई कर रहा था।
एसएसपी अमृतसर देहाती स्वपन शर्मा ने बताया कि पुलिस लंडा-रिंदा के आतंकी मॉड्यूल का खुलासा करने में यह बड़ी कार्रवाई है। पुलिस ने इस संगठन के 5 लोगों की पहचान कर ली है और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए छापेमारी की जा रही है। उन्होंने बताया कि मामले में जांच की जा रही है और इसमें हथियारों और विस्फोटकों की ओर बरामदगी की जाएगी। एसएसपी शर्मा ने बताया कि इसमें पुलिस ने रमदास थाने में एनडीपीएस एक्ट और असलहा एक्ट में केस दर्ज कर लिया गया है।