पंजाब के बस्सी पठाना के चक्री मोहल्ला में सीवरेज के लिए खोदा गया गड्डा शुक्रवार को एक महिला की मौत का कारण बन गया। महिला पीजीआई चंडीगढ़ से एंबुलेंस में अपने घर आ रही थी। गड्ढे में फंसी एंबुलेंस बाहर निकालने के दौरान फिर से महिला की तबीयत बिगड़ गई। इसके बाद उसका पति ऑटो से उसे सिविल अस्पताल लेकर जा रहा था। रास्ते में महिला की मौत हो गई।
मृतका की पहचान मनप्रीत कौर (32) पत्नी दीदार सिंह निवासी मोहल्ला बहलोलपुरी के तौर पर हुई है। पति दीदार सिंह ने गड्ढा खोदने के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई मांग की है। दीदार सिंह ने बताया कि कुछ दिन पहले उसकी पत्नी मनप्रीत कौर को डेंगू हो गया था। उसे सिविल अस्पताल बस्सी पठाना में भर्ती करवाया गया था।
हालात में सुधार न होने पर डॉक्टरों ने मनप्रीत कौर को पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया था। दिवाली मनाने के लिए शुक्रवार को वह पीजीआई से एंबुलेंस में वापस घर आ रहा था। चक्री मोहल्ले में एंबुलेंस सीवरेज के लिए खोदे गए गड्ढे में फंस गई। गड्ढे से एंबुलेंस बाहर निकालते समय उसकी पत्नी की तबीयत बिगड़ गई और जब वह उसे फिर से सिविल अस्पताल ले गया। वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
दीदार सिंह का कहना है कि सीवरेज का गड्ढा उसकी पत्नी की मौत का कारण बना है। घटना की गहन जांच करवाकर जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध कार्यवाई की जाए। पूर्व पार्षद रविंदर कुमार पप्पू, वरिंदरपाल कौर, रमेश कुमार सीआर, जतिंदर सिंह, संदीप और पवन शर्मा ने बताया कि गली में सीवरेज डालने को लेकर एक परिवार का पिछले काफी समय से विभाग के साथ विवाद चल रहा है, जिस संबंध में पुलिस के पास भी शिकायतें गई हैं। घटना की सूचना मिलते ही तहसीलदार अवतार सिंह और थाना सिटी इंचार्ज बलजिंदर सिंह मौके पर पहुंचे और मृतका के पति को मामले की गहराई से पड़ताल कराने का आश्वासन दिया।
सीवरेज में बाधा डाल रहा है परिवार : जेई
जब इस संबंध में सीवरेज बोर्ड के जेई सतिंदर सिंह से बात की गई तो उन्होंने बताया कि एक परिवार की ओर से इलाके में सीवरेज डालने के काम में बाधा डाली जा रही है। उन्होंने पुलिस के पास इसकी शिकायत कर रखी है।