फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मंडियों में काम करने वाले मजदूरों को राहत: पंजाब सरकार ने लेबर चार्ज में प्रति क्विंटल एक रुपये की वृद्धि की

Wed, 02 Oct 2024 08:11 AM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

पंजाब में एक अक्तूबर से धान खरीद शुरू हो चुकी है। पंजाब में 185 लाख मीट्रिक टन धान खरीदने का लक्ष्य है। भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा खरीफ मंडीकरण सीजन 2024-25 के लिए 41,378 करोड़ रुपये पहले ही जारी किए जा चुके हैं।
विज्ञापन
अधिकारियों के साथ बैठक करते सीएम भगवंत मान - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पंजाब सरकार ने मंडियों में काम करने वाले मजदूरों को बड़ी राहत दी है। सरकार ने लेबर चार्ज में प्रति क्विंटल एक रुपये की वृद्धि की है। सीएम भगवंत मान ने मंगलवार को प्रदेश में शुरू हुई धान की खरीद को लेकर बुलाई बैठक में यह फैसला लिया।
विज्ञापन


मंडियों में फसल उतारने और उठाने वाले मजदूरों की लंबे अरसे से यह मांग थी, जिसे सरकार ने पूरा किया है। सीएम ने बताया इससे सरकारी खजाने में से 18 करोड़ रुपये की अतिरिक्त अदायगी की जाएगी। खरीद सीजन के दौरान किसानों द्वारा 185 लाख मीट्रिक टन धान मंडियों में लाए जाने की उम्मीद है। मंगलवार से प्रदेश में धान की खरीद शुरू हो गई, लेकिन पहले दिन प्रदेश में धान का एक भी दाना नहीं उठाया गया। पहले ही दिन धान नहीं उठाए जाने का मुख्य कारण आढ़तियों और राइस मिलरों के मांगें रहीं।

आढ़तियों की मांग है कि सरकार उन्हें पूर्व निर्धारित 2.5 प्रतिशत कमीशन देने पर सहमति दे, वरना उनकी हड़ताल लंबी चलेगी। जब तक आढ़तियों की यह मांग पूरी नहीं हो जाती, तब तक धान की खरीद शुरू नहीं होगी। इससे किसान भी दुविधा में हैं। दूसरी तरफ शेलर मालिकों का कहना है कि केंद्र सरकार ने अभी तक केंद्रीय खाद्य निगम (एफसीआई) के गोदाम खाली नहीं किए हैं। यदि किसानों का धान मंडियों में आता है, तो मिलिंग के बाद गोदाम में चावल रखने की जगह नहीं मिलेगी, इसलिए उन्होंने भी धान का उठान नहीं करने का निर्णय लिया है। इस बार राज्य में 32 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में धान की खेती की गई है।
विज्ञापन


उन्होंने बताया कि पंजाब में 185 लाख मीट्रिक टन धान खरीदने का लक्ष्य है। भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा खरीफ मंडीकरण सीजन 2024-25 के लिए 41,378 करोड़ रुपये पहले ही जारी किए जा चुके हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत सरकार ने इस सीजन के लिए ‘ए’ ग्रेड धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 2320 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। राज्य की खरीद एजेंसियां, जैसे पनग्रेन, मार्कफेड, पनसप, पीएसडब्ल्यूसी और एफसीआई, भारत सरकार द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार न्यूनतम समर्थन मूल्य पर धान की खरीद करेंगी।

अब मंत्री और विधायक भी धान की खरीद के लिए मंडियों में उतरेंगे

मुख्यमंत्री ने प्रदेश के सभी मंत्रियों और विधायकों से अपने हलके और क्षेत्र में धान की खरीद व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए दौरा करने के लिए कहा है। सीएम ने प्रदेश के सभी डिप्टी कमिश्नरों के साथ बैठक कर यह आदेश दिए हैं कि वह अपने जिले में मंडियों में रोजाना होने वाली धान की खरीद को लेकर इनपुट साझा करेंगे, इसके लिए सीएम ने खुद एक मॉनिटरिंग टीम गठित की है, जिसमें विभाग के प्रशासनिक सचिव को जिम्मेदारी दी गई है। सीएम ने मंत्रियों और विधायकों को मंडियों में लाए गए किसानों की उपज की खरीद और लिफ्टिंग जल्द से जल्द सुनिश्चित करने के लिए कहा है।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें