खुड्डियां ने बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार ने पराली के प्रबंधन के लिए 350 करोड़ की योजना तैयार कर काम शुरु किया है। इसके तहत किसानों को सब्सिडी पर मशीनरी मुहैया कराई गई है। उन्होंने बताया कि सितंबर में धान की कटाई के मौसम से काफी पहले, राज्य ने 24,000 मशीनों की खरीद को मंजूरी दे दी थी।
वर्तमान में राज्य में पराली प्रबंधन वाली 1.35 लाख मशीनें हैं और उनके उपयोग को अधिकतम करने के लिए ठोस प्रयास चल रहे हैं। इन मशीनों के उपयोग पर नजर रखने के लिए एक प्रणाली स्थापित की गई है और मशीनों का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित करने के लिए उच्च स्तरीय अधिकारियों द्वारा साप्ताहिक समीक्षा की जा रही है।
खुड्डियां ने आगे कहा कि पंजाब में किसानों का ध्यान अब पराली से होने वाली आय की तरफ भी गया है, क्योंकि पराली का उपयोग ईंट-भट्टों समेत कई तरह के उद्योगों में होने लगा है। उन्होंने कहा कि किसानों को पराली के लिए 170 से 200 रुपये क्विंटल तक दाम मिलने लगे हैं, जिसके चलते पराली जलाने के प्रति उनका रुझान कम होने लगा है।