पंजाब में कोविशील्ड टीके की कमी हो गई है। वहीं कोवाक्सिन की 112821 खुराक बची है। पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने केंद्र सरकार से और वैक्सीन मुहैया करवाने की मांग दोहराई है ताकि अगले दो महीनों में 18 से 45 वर्ष की आयु वर्ग के सभी व्यक्तियों का टीकाकरण किया जा सके।
कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि सबसे पहले प्राथमिक वर्ग को कवर करने की कोशिश की जाएगी। उनकी सरकार ने दो महीनों में सभी व्यक्तियों के टीकाकरण का लक्ष्य निर्धारित किया है। जिसके बाद समय सूची के अनुसार टीके की दूसरी खुराक दी जाएगी। मौजूदा समय में टीकाकरण के लिए पंजाब की योग्य आबादी के 4.8 प्रतिशत हिस्से का पूरा टीकाकरण हो चुका है और जिला मोहाली पहली और दूसरी खुराकें लगाने में अग्रणी है।
मंगलवार को कोविड के बारे में वर्चुअल समीक्षा बैठक के दौरान पंजाब में टीकाकरण की प्रगति और स्थिति का जायजा लेते हुए मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि राज्य सरकार पहले ही 62 लाख से अधिक लोगों को टीके लगा चुकी है। हालांकि मौजूदा समय कोविशील्ड का भंडार खत्म है और कोवाक्सिन टीके का भी बहुत कम भंडार उपलब्ध है। वह इस मुद्दे को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के समक्ष उठाएंगे और जरूरत पड़ने पर प्रधानमंत्री के सामने भी यह मुद्दा उठाएंगे।
पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू ने भाजपा शासित राज्यों जैसे हरियाणा और गुजरात को केंद्र की तरफ से बड़ी मात्रा में डोज मुहैया करवाने पर सवाल उठाया। डीजीपी दिनकर गुप्ता ने बताया कि अब तक पंजाब पुलिस के तकरीबन 79000 जवानों को टीका लगाया जा चुका है, जिसमें से 57 प्रतिशत को दूसरी खुराक लगाई गई है।