इस पर पूरक प्रश्न करते हुए विधायक कलसी ने मुख्यमंत्री से कहा कि बटाला क्षेत्र स्वास्थ्य सुविधाओं के मामले में पिछड़ा है और राज्य सरकार ने सूबे में 15 मेडिकल कॉलेज खोलने का फैसला लिया है। उन्होंने आग्रह किया कि बटाला को भी एक मेडिकल कॉलेज दिया जाए। इस पर मुख्यमंत्री ने एलान किया कि 15 मेडिकल कॉलेजों में से एक कॉलेज बटाला-गुरदासपुर के इलाके में बनाया जाएगा।
अन्य पूरक प्रश्न में भाजपा के अश्विनी शर्मा ने शहीद-ए-आजम भगत सिंह के क्षेत्र खटकड़कलां में मेडिकल कॉलेज बनाने की मांग की, जिस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि मस्तुआना में बनने वाले कॉलेज को सरकार ने संत अतर सिंह कॉलेज का नाम दिया है। इसी तरह नवांशहर में अगर मेडिकल कॉलेज या अस्पताल बनाया जाएगा तो उसे शहीद-ए-आजम भगत सिंह का नाम ही दिया जाएगा।
टेक्सटाइल पार्क को नदी प्रदूषित करने की अनुमति नहीं: मान
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा है कि कूमकलां (लुधियाना) में प्रस्तावित ‘मेगा इंटीग्रेटेड टेक्सटाइल रीजन एंड अपैरल पार्क’ में किसी भी तरह के नदी प्रदूषण की इजाजत नहीं दी जाएगी। केंद्र और राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के निर्धारित सभी पर्यावरण संबंधी मंजूरियों और मापदंडों का पूरी तरह पालन किया जाएगा।
विधायक हरदीप सिंह मुंडियां ने मंगलवार को पंजाब विधानसभा के बजट सत्र के चौथे दिन सदन में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव में मुद्दा उठाया कि जिला लुधियाना के गांव मत्तेवाला के निकट सतलुज नदी के किनारे एक फोकल प्वाइंट बनाने का प्रस्ताव विचाराधीन है लेकिन नदी के किनारे बसे गांवों के लोगों में खौफ है कि केमिकल फैक्ट्रियों के जहरीले अपशिष्ट से नदी का पानी ही प्रदूषित होगा बल्कि इलाके के लोगों के स्वास्थ्य पर भी बुरा असर पड़ेगा।
उन्होंने मांग की है कि नदी के किनारे केमिकल उद्योगों के बजाय अन्य उद्योग लगाए जाएं। ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत सरकार ने इच्छुक राज्य सरकारों की हिस्सेदारी के साथ सात पीएम मेगा इंटीग्रेटेड टेक्सटाइल रीजन एंड अपैरल पार्क (पीएम मित्र) की स्थापना के लिए योजना को मंजूरी दे दी है।
उन्होंने बताया कि इस योजना के अंतर्गत कूमकलां में टेक्सटाइल पार्क बनाने का प्रस्ताव भारत सरकार को भेजा गया। भगवंत मान ने स्पष्ट रूप से कहा कि यह परियोजना केंद्र और राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्डों द्वारा निर्धारित सभी पर्यावरणीय मंजूरियों और मापदंडों के अनुसार होगी। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि पर्यावरण संबंधी कानूनों का पालन किया जाएगा, ताकि नदियों का पानी दूषित ना हो और ना ही लोगों के स्वास्थ्य पर कोई बुरा प्रभाव पड़े।