उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार उन अभिभावकों को वित्तीय सहायता के तौर पर जंगी जागीर प्रदान करती है, जिनके अकेले बच्चे या दो से तीन बच्चे दूसरे विश्व युद्ध, राष्ट्रीय इमरजेंसी 1962 और 1971 के दौरान ‘दी ईस्ट पंजाब वार अवार्ड एक्ट- 1948’ के तहत भारतीय फौज में सेवा निभा चुके हैं। उन्हें दी जा रही जंगी जागीर राशि को बढ़ाकर 20,000 रुपये सालाना करने का फैसला लिया गया है।
पटवारियों और कानूनगो का प्रांतीय काडर बनाने की मंजूरी
वित्त मंत्री ने बताया कि कैबिनेट ने राजस्व विभाग के कामकाज को और सुचारू बनाने के लिए पटवारियों और कानूनगो का प्रांतीय काडर सृजित करने की मंजूरी दे दी है। इससे जमीन से संबंधित राजस्व रिकार्ड तैयार करने और उसे संभालने के अलावा पुराने राजस्व रिकॉर्ड की संभाल की जा सकेगी।
उन्होंने कहा कि इस कदम से जमीन रिकॉर्ड में कमियों के चलते होने वाली मुकदमेबाजी को घटाने में मदद मिलेगी। उन्होंने यह भी बताया कि अब तक राज्य में नायब तहसीलदारों और तहसीलदारों के ही प्रांतीय काडर थे जबकि पटवारियों और कानूनगो के काडर जिला स्तर पर प्रभावी थे।
ठेका मुलाजिम संघर्ष कमेटी संबंधी सब-कमेटी को कार्य-बाद मंजूरी
कैबिनेट ने ठेका मुलाजिम संघर्ष मोर्चा पंजाब, जमीन प्राप्ति संघर्ष कमेटी और अन्य गजटेड व नॉन-गजटेड एससी-बीसी इम्पलाईज वेलफेयर फेडरेशन पंजाब के मामलों से संबंधित सब-कमेटी के गठन और संशोधनों को कार्य-बाद मंजूरी दे दी। जीओजी से संबंधित मसलों के लिए नुमायंदे और 31 सदस्यीय कोर कमेटी से जुड़े मुद्दों के लिए सब-कमेटी का गठन किया गया है। इसके साथ ही कैबिनेट ने पुलिस विभाग और पंजाब विजिलेंस ब्यूरो की क्रमशः वर्ष 2020 और 2022 की सालाना प्रशासनिक रिपोर्टों को भी मंजूरी दे दी। वहीं, सामाजिक सुरक्षा और महिला एवं बाल विकास विभाग की वर्ष 2022-23 और 2019-20 की सालाना प्रशासनिक रिपोर्टों को मंजूरी दे दी गई।