गौरतलब है कि प्रदेश में महिलाओं को प्रति माह 1000 रुपये देने के लिए राज्य सरकार को प्रति वर्ष 12 हजार करोड़ रुपये की आवश्यकता होगी लेकिन नए बजट में सरकार पहले ही भारी वित्तीय बोझ तले दबी दिखाई दे रही है। वित्त मंत्री ने 1,55,860 करोड़ रुपये के खर्च का बजट पेश किया है, जिसमें राज्य की कुल प्राप्तियों का अनुमान 1,51,129 करोड़ रुपये का है।
वहीं राज्य पर चढ़े 2,84,870.03 करोड़ के कर्ज और उसके ब्याज की अदायगी पर इस साल कुल 36068.67 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। दरअसल, केजरीवाल और भगवंत मान ने महिलाओं के लिए उक्त गारंटी इस आधार पर दी थी कि राज्य में अवैध खनन रोककर हर साल 11 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा कमाई होगी और इस कमाई को महिलाओं को प्रति माह 1000 रुपये देने पर खर्च किया जाएगा।
अवश्य लागू करेंगे योजना: चीमा
वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा से जब महिलाओं संबंधी गारंटी के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि 1000 रुपये प्रति माह देने की गारंटी अवश्य लागू की जाएगी लेकिन थोड़ा वक्त लगेगा। फंड की व्यवस्था होते ही इस योजना को लागू किया जाएगा।