चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी अब होशियापुर और लुधियाना स्थित क्षेत्रीय केंद्रों के निदेशकों से ली गई गाड़ी को लौटाने की तैयारी में जुट गई है। बताया जा रहा है कि बिना जांच के कार्रवाई कर दोनों केंद्रों के निदेशकों से गाड़ी लेने का लगातार विरोध हो रहा था, जिससे पीयू बैकफुट पर आ गई है। वहीं, बिना गाड़ी के काम भी नहीं सकता है।
पीयू ने कुछ दिन पहले पंजाब के होशियापुर और लुधियाना केंद्र के निदेशकों की गाड़ियां अचानक वापस ले ली थीं। सूत्रों का कहना है कि किसी भाजपा नेता की शिकायत पर यह कार्रवाई की गई। विरोध करने वाले शिक्षकों का कहना था कि कोई शिकायत थी तो उसकी पहले जांच करवाई जानी चाहिए थी लेकिन ऐसा नहीं हुआ। ऐसे में गाड़ी निदेशकों को वापस होनी चाहिए। इस प्रकरण को अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया तो पीयू के अधिकारी भी जागे। सूत्रों का कहना है कि एक से दो दिन में यह गाड़ियां निदेशकों को मिल जाएंगी क्योंकि निदेशकों को कई जगह जाना पड़ता है। ऐसे में गाड़ी की जरूरत है। वहीं निदेशकों ने भी पीयू से मांग की थी कि गाड़ी जल्द लौटाई जाए ताकि उनका कार्य प्रभावित न हो सके।