चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी के छात्रावासों के कमरे अभी खाली ही हैं। किसी छात्रावास में दो तो किसी में पांच ही शोधार्थी पहुंचे। माना जा रहा है कि पीयू ने कोविड जांच का प्रमाण पत्र मांगा तो इससे शोधार्थी बच रहे हैं। हालांकि दो से चार दिन में शोधार्थियों की संख्या छात्रावासों में बढ़ने की उम्मीद है। पीयू उसी के अनुसार तैयारी भी कर रही है।
पीयू ने पहले दो से तीन वर्ष से शोध कर रहे विद्यार्थियों को छात्रावास में आने की अनुमति दे दी थी, लेकिन बाकी शोधार्थियों को नहीं बुलाया जा रहा था। इसी को लेकर शोधार्थियों ने प्रदर्शन किया और पीयू ने आखिर में सभी शोधार्थियों के लिए छात्रावास खोल दिए। लगभग 600 शोधार्थी पीयू में आने थे, लेकिन अब तक लगभग 70 ही पहुंचे हैं। ये शोधार्थी अलग अलग छात्रावासों में रुके हुए हैं। पीयू को उम्मीद थी कि एक फरवरी से लेकर तीन फरवरी तक 300 से अधिक शोधार्थी पहुंच जाएंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। वहीं पीयू ने सभी वार्डन को निर्देश दिए हैं कि वह कोविड गाइडलाइन का पालन करवाएं ताकि शोधार्थी कोरोना से सुरक्षित रह सकें। यह भी कहा है कि बाहरी विद्यार्थियों का प्रवेश छात्रावासों में न होने दें। रात को शोधार्थी बाहर न निकलें, इस पर ध्यान दिया जाए। खाने आदि की शोधार्थियों को कोई दिक्कत न हो, इस पर भी ध्यान दें।