पंजाब विश्वविद्यालय कश्मीरी माइग्रेंट छात्रों के अलावा कश्मीर में रहने वाले हिंदू परिवारों के बच्चों को आरक्षण देेगा। इसके लिए प्रस्ताव तैयार हो रहा है। सिंडिकेट की बैठक में इस प्रस्ताव पर मुहर लगाई जाएगी। सीटों के आवंटन, एडमिशन प्रक्रिया आदि में उन्हें लाभ मिलेगा। इसके जरिये अधिक से अधिक विद्यार्थियों के दाखिले पीयू में हो सकेंगे।
मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने इसके लिए आदेश जारी किए हैं। कश्मीर के सर्वाधिक स्टूडेंट्स शिक्षा पाने के लिए चंडीगढ़ आते हैं। इसके अलावा दिल्ली, पंजाब, हिमाचल में भी वे पढ़ने आते हैं। तमाम छात्र इसलिए पिछड़ जाते हैं क्योंकि उनके पास संसाधनों का अभाव होता है। ऐसे में इन छात्रों को उच्च शिक्षा से जोड़ने के लिए उन्हें आरक्षण देने की योजना बनाई गई है।
सूत्रों का कहना है कि पंजाब विश्वविद्यालय इसका खाका तैयार करने में जुटा है। योजना लगभग बन गई है लेकिन कितने फीसदी आरक्षण दिया जाएगा, यह फाइनल नहीं हुआ है। इसको लेकर सिंडिकेट में बहस होगी और तय मानक से अधिक रिजर्वेशन नहीं दिया जा सकेगा। जानकारों का कहना है कि इस व्यवस्था से पीयू में कश्मीरी छात्रों की संख्या में इजाफा होगा।