पंजाब यूनिवर्सिटी के पास मौजूदा समय में नेशनल असेसमेंट एंड एक्रेडेशन काउंसिल (नैक) की मान्यता नहीं है। पीयू प्रशासन की लेटलतीफी के कारण नैक को समय पर 2014-15 सत्र के लिए भेजे जाना वाला डाटा नहीं मिल सका।
पीयू की नैक से जनवरी 2014 में एक्रेेडेशन खत्म हो चुकी है। नैक की वेबसाइट पर इस संबंध में जानकारी दी गई है। पीयू का नैक लिस्ट में 656वां स्थान है। गौरतलब है कि देश की सभी यूनिवर्सिटी और कालेज को नैक से एक्रेडेशन अनिवार्य है। इसके बाद ही उन्हें यूजीसी से ग्रांट मिल सकती है।
उधर, इस मामले में पीयू डीयूआई प्रो.एके भंडारी का कहना है कि पीयू ने दिसंबर 2014 में ही आवेदन कर दिया था, लेकिन नैक ने कुछ संशोधन के लिए कहा था, उस डाटा को भी पीयू ने भेज दिया है। प्रो.भंडारी के अनुसार नैक ने अब सभी यूनिवर्सिटी को 2015 तक का समय दे दिया है।