पीयू के जिम्नेजियम हॉल में रविवार को 63वें पीयू दीक्षांत समारोह में 283 पीएचडी और 438 अन्य डिग्री के साथ 682 लोगों को डिग्री और मेडल से नवाजा गया। इस मौके पर कुल 283 को पीएचडी डिग्री मिली। पीएचडी पाने वालों में 95 लड़के और 149 लड़कियां शामिल थीं।
इनमें से 244 डिग्री लेने के लिए पहुंचे। पीयू की अन्य फैकल्टी में 518 को डिग्री और मेडल दिए गए। इसमें 85 पुरुष और 353 महिलाएं शामिल हैं। अन्य फैकल्टी के डिग्री और मेडल लेने के लिए 438 ही पहुंचे। सबसे अधिक 6 मेडल जीतने वालों में लॉ विभाग की छात्रा हिना अग्रवाल शामिल थी।
इन हस्तियों को मिला सम्मान
दीक्षांत समारोह में पीयू के पूर्व कुलपति ओर जाने माने गणितज्ञ प्रो. आरपी भांबा को डॉक्टर ऑफ साइंस की मानद उपाधि से नवाजा गया। पंजाबी के जाने माने लेखक प्रो. गुरदयाल सिंह को डिग्री ऑफ डीलीट की मानद उपाधि दी गई। समारोह में डा. सुखदेव सिंह और डा. एफसी कोहली को उद्योग रत्न अवार्ड और डा. नित्या आनंद और चंडीगढ़ स्थित इमटेक के डायरेक्टर और जाने माने साइंटिस्ट डॉ. गिरिश साहनी को विज्ञान रत्न से नवाजा गया।
पीयू को और बेहतर बनाने का वादा
पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक शिवराज पाटिल मुख्य अतिथि थे। उन्होंने युवाओं से समाज में शिक्षा के प्रचार-प्रसार में पूरा सहयोग देने की मांग की। पीयू कुलपति प्रो. अरुण कुमार ग्रोवर ने रिपोर्ट में पीयू को 2013-14 में इंटरनेशनल स्तर पर टॉप रैकिंग को ओर बेहतर बनाने का वादा किया। समारोह का संचालन पीयू रजिस्ट्रार प्रो. एके भंडारी और कंट्रोलर ऑफ एग्जामिनेशन प्रो. परविंदर सिंह की देखरेख में हुआ। दीक्षांत समारोह के तहत सुबह के सत्र में पीएचडी और दोपहर बाद गोल्ड मेडल और सर्टिफिकेट्स दिए गए। पीयू सीनेट, सिंडीकेट के अधिकतर सदस्य भी दीक्षांत समारोह में पहुंचे।
टेंशन नहीं, पीयू को मिलेगी जमीन: शिवराज पाटिल
पीयू दीक्षांत समारोह में प्रशासक पाटिला के लंबे भाषण से डिग्री और मेडल पाने के इंतजार में बैठे युवा काफी असहज महसूस कर रहे थे। बेवजह जिम्मनेजियम हाल में तालियों की गड़गड़ाहट से पाटिल लोगों के मूड को भांप गए।
स्पीच की लीक से हटते हुए माहौल को उत्साह भरा बनाने की कोशिश की। पाटिल ने कहा कि पीयू को नए कैंपस के लिए जगह की कोई कमी नहीं रहेगी। पीयू को पैसे की चिंता करने की भी जरूरत नहीं। लेकिन, उन्होंने कहा कि पीयू को इसके लिए कैंपस में सोलर सिस्टम और सोयल टेस्टिंग सिस्टम को दुरुस्त करना होगा।
पीयू प्रोफेसर के पांच स्टूडेंट को एक साथ पीएचडी डिग्री
किसी भी शिक्षक के लिए उसके स्टूडेंट को पीएचडी की डिग्री पाना गर्व की बात होती है। लेकिन, पंजाब यूनिवर्सिटी के 63वें दीक्षांत समारोह में एक प्रोफेसर के 5 स्टूडेंट को एक साथ पीएचडी डिग्री ने रिकार्ड बना दिया। पीयू के यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग (यूसोल) पत्राचार विभाग में एजूकेशन संकाय के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. राम मेहर के अंडर रजिस्टर्ड श्रुति, हरनीत, सतवंत कौर, दीपिका कोहली और गगनदीप कौर को एक साथ पीएचडी डिग्री मिली। डिग्री के बाद सभी स्टूडेंट डॉ. राम मेहर से शुभकामनाएं लेने के लिए परिवार सहित उनके पीयू कैंपस स्थित घर पहुंचे।