जेएनयू मुद्दे पर चंडीगढ़ में विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने शहर में विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान वीएचपी और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने सीपीआई-एम के चंडीगढ़ स्थित पंजाब स्टेट कमेटी के ऑफिस बाबा करण ससिंह चीमा भवन के बाहर उग्र प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी और पत्थरबाजी भी की।
घटना शाम 6 बजे की है। पत्थरबाजी के दौरान पार्टी ऑफिस में लगे कांच के शीशे टूट गए। संयोगवश घटना के समय सीपीआई-एम के कार्यकर्ता वहां नहीं थे। पार्टी के अधिकतर सदस्य घटना के समय दिल्ली में पार्टी की ओर से आयोजित कन्वेंशन में और पार्टी मीटिंग की वजह से ऑफिस में नहीं थे।
इसलिए टकराव होने से बचाव हो गया। पत्थरबाजी के दौरान सीपीआई- एम के नेता और पाटी के सेक्रेट्रिएट मंडल के मेंबर कामरेड रघुनाथ सिंह अपनी पत्नी रजिंदर कौर और पंजाब के सचिव सीपीएम चरण सिंह विर्दी की पत्नी भी मौजूद थीं। उन्होंने विहिप और बजरंगदल के पत्थर बाजी का विरोध करते हुए घटना के विरोध में नारेबाजी की।
पत्थरबाजी की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने विहिप और बजरंगदल के कार्यकर्ताओं को वहां से हटाया। सीपीआई-एम ने आरोप लगाया कि पुलिस बीजेपी के शह पर कुछ कदम नहीं उठाया।
वहीं पुलिस के अनुसार शहर में धारा 144 लगी हुई है। उन्होंने बताया कि पत्थरबाजी करने वाले बजरंग दल के कार्यकर्ता को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।