चंडीगढ़। अंरराष्ट्रीय योग दिवस पर पीजीआई ने सीसीआरवाईएन के सहयोग से कार्यक्रम आयोजित किया। इसमें हिस्सा लेने वाले पीजीआई के स्टाफ ने पिछले साल के मुकाबले अपना ही रिकॉर्ड तोड़ दिया है। पिछले साल जहां 1924 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया था वहीं, इस बार यह संख्या बढ़कर 3,350 पहुंच गई है। पिछले साल जब संख्या 1924 पहुंची थी तभी एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड में इसको दर्ज किया गया था। इसमें करीब एक घंटा 30 मिनट तक प्रतिभागियों ने योग किया। पीजीआई के निदेशक प्रोफेसर विवेक लाल ने कहा कि मोबाइल फोन देखते समय योग नहीं करना चाहिए क्योंकि योग आंखें बंद करके खुद से बातचीत करने का माध्यम है।
इस कार्यक्रम में पीजीआई के बाहर से रेफर किए गए 153 रोगियों को योग चिकित्सा प्रदान करने में योग केंद्र की भूमिका के बारे में जानकारी दी गई। यह केंद्र सप्ताह में सातों दिन संचालित होता है। इस मौके पर योग सेंटर के इंचार्ज प्रो. अक्षय आनंद ने योग को अपने जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया। इस मौके पर डॉ. संजय जैन, प्रो. आरके राठो और डॉ. विपिन कौशल भी मौजूद थे।
मैट लेने के लिए रही मारामारी
इस कार्यक्रम में हिस्सा लेने वाले प्रतिभागियों के लिए टी शर्ट, मैट और जलपान की सुविधा रखी गई थी। ऐसे में सैकड़ों लोगों ने पूरा सेशन अटेंड नहीं किया। कई लोग मैट और रिफ्रेशमेंट लेकर निकल लिए। इस दौरान मैट लेने के लिए मारामारी देखने को मिली।