चंडीगढ़। पीजीआई के एपीसी ऑडिटोरियम में यूपीएस, एनपीएस के मुद्दे पर एक संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें बतौर मुख्य वक्ता ऑल इंडिया एनपीएस इम्प्लॉइज फेडरेशन के अखिल भारतीय अध्यक्ष डॉ. मंजीत सिंह पटेल ने अपने साथियों के साथ शिरकत की। उनके साथ डॉ. संजीव वर्मा, विनोद यादव, अतुल पांडेय, अमरजीत कौर और प्रवदीप सिंह ने अपने अपने विचार रखे।
सत्यवीर डागुर ने कर्मचारियों को बताया कि 1 जनवरी 2004 के बाद नौकरी में आने वाले कर्मचारियों को सेवानिवृत के बाद पेंशन की सुविधा नहीं है। भारत सरकार ने माना कि एनपीएस में खामियां है और उनमें सुधार के लिए 2024 में यूपीएस का विकल्प दिया गया। लेकिन उसमें भी बहुत खामियां हैं जैसे 25 साल की सर्विस के बाद वीआरएस लेने पर पेंशन रिटायरमेंट की उम्र पर दे देना। वीआरएस से रिटायर होने की तारीख तक एक कर्मचारी बिना पेंशन के कैसे गुजारा करेगा। इस मौके पर डॉ. मंजीत सिंह पटेल, श्याम सुंदर सागर, डॉ. अशोक जांगिड़, प्रेमलता, किशोर सैनी, विजय कुमार, सियाराम शर्मा, पलक कांडरा, रविन्द्र जायसवाल, नीलम भंडारी, प्रदीप कुमार ने भी अपने विचार रखे।