चंडीगढ़। जीएमसीएच-32 में पार्किंग की समस्या के स्थायी समाधान की उम्मीद जगी है। अस्पताल प्रशासन ने मल्टीलेवल पार्किंग बनाने की योजना पर फिर काम तेज कर दिया है। परियोजना का डिजाइन तैयार हो चुका है। इसे आगे बढ़ाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। पार्किंग बनने से अस्पताल परिसर में जाम और वाहन खड़े करने की परेशानी कम होने की उम्मीद है।
जीएमसीएच-32 में रोजाना हजारों मरीज और तीमारदार पहुंचते हैं। डॉक्टर, नर्सिंग स्टाफ, मेडिकल छात्र और अन्य कर्मचारी भी बड़ी संख्या में आते हैं। उपलब्ध पार्किंग क्षमता जरूरत के मुकाबले कम है। ऐसे में वाहन सड़कों के किनारे और खाली जगहों पर खड़े किए जाते हैं। इससे अस्पताल परिसर में अक्सर जाम लग जाता है। मदर एंड चाइल्ड विंग का निर्माण शुरू होने के बाद समस्या और बढ़ गई। निर्माण के लिए पार्किंग क्षेत्र का बड़ा हिस्सा इस्तेमाल हो गया। इससे उपलब्ध जगह और कम हो गई। मरीजों और कर्मचारियों की परेशानी बढ़ गई।
पहले बनी थी स्टेप पार्किंग की योजना
पार्किंग समस्या दूर करने के लिए पहले स्टेप पार्किंग बनाने की योजना बनी थी। तकनीकी कारणों से यह योजना आगे नहीं बढ़ सकी। अब प्रशासन ने मल्टीलेवल पार्किंग परियोजना को फिर गति दी है। डिजाइन तैयार कर लिया गया है। मंजूरी की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।
परियोजना पूरी होने पर एक ही जगह बड़ी संख्या में वाहन खड़े किए जा सकेंगे। इससे मुख्य प्रवेश द्वार और आंतरिक सड़कों पर वाहनों का दबाव कम होगा। मरीजों और उनके परिजनों को पार्किंग के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। आपातकालीन सेवाओं की आवाजाही भी सुचारु होने की उम्मीद है।
कोट- परियोजना को जल्द धरातल पर उतारने के लिए आवश्यक औपचारिकताएं तेजी से पूरी की जा रही हैं। मंजूरी मिलने के बाद निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा, जिससे वर्षों पुरानी पार्किंग समस्या का स्थायी समाधान निकल सकेगा।-डॉ. रवनीत कौर, डायरेक्टर प्रिंसिपल जीएमसीएच-32