भ्रूण लिंग जांच करके म्हारे प्रदेश की बेटियों को दिल्ली और उत्तर प्रदेश के डॉक्टर मार रहे हैं। हरियाणा में सरकार की सख्ती के ख्लतेदलालों और डॉक्टरों का खुला खेल लगातार चल रहा है।
उत्तर प्रदेश और दिल्ली के डॉक्टरों ने विदेशी मशीनों से भ्रूण लिंग जांच करके हरियाणा की बेटियों को मारना शुरू कर दिया है। यह किसी का दावा नहीं है, बल्कि स्वास्थ्य विभाग के आंकड़े ही इसकी गवाही दे रहे हैं। प्रदेश के कई जिलों की टीमों ने यूपी व दिल्ली में इस साल ही छापा मारकर 30 से ज्यादा जगहों पर भ्रूण लिंग जांच करने वाले डॉक्टरों को पकड़ा है। जहां जांच होने पर बेटी मिलने के बाद गर्भ के अंदर ही उसकी हत्या करा दी जाती है।
इस भ्रूण लिंग जांच के धंधे के लिए यूपी व दिल्ली के डॉक्टरों ने बाकायदा प्रदेश के अधिकतर जिलों में अपने दलाल छोड़ रखे हैं जो यहां से भ्रूण लिंग जांच कराने के लिए लेकर जाते हैं। ऐसे भ्रूण लिंग जांच के धंधे में शामिल डॉक्टरों ने अब विदेशी मशीनों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है, जिससे उनकी रिपोर्ट में कोई संदेह न हो। इस तरह हरियाणा की बेटियों को गर्भ में मरवाकर लिंगानुपात बिगाड़ने में यूपी व दिल्ली के डॉक्टर सबसे बड़े गुनाहगार साबित हो रहे हैं।
हरियाणा के सोनीपत, रोहतक, झज्जर, पानीपत, यमुनानगर आदि कई जिले यूपी व दिल्ली से सटे हुए है और यह काफी नजदीक भी पड़ते हैं। इस कारण ही स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने कई बार यूपी व दिल्ली में छापेमारी करके भ्रूण लिंग जांच का भंडाफोड़ किया है। अगर स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों पर नजर डाले तो सोनीपत जिले की टीम ने दिल्ली व यूपी में इस साल के अंदर 11 जगह भ्रूण लिंग जांच का भंडाफोड़ किया है।
यूपी में दो लाख का इनाम, वहां की टीम फिर भी नहीं पकड़ती
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यह भ्रूण लिंग का सबसे ज्यादा धंधा दिल्ली के नरेला, रोहिणी, करावल नगर तो यूपी के गाजियाबाद, बागपत, मेरठ में पकड़ में आया है। वहीं रोहतक जिले की टीम भी यूपी व दिल्ली में लगभग 8 जगह भ्रूण लिंग जांच का भंडाफोड़ कर चुकी है तो पानीपत, यमुनानगर का आंकड़ा भी इतना ही पहुंच गया है।
दिल्ली में अधिकतर जगह छापेमारी के बाद जब मशीनों को देखा गया तो वहां जर्मनी की मशीनों का इस्तेमाल किया जा रहा था। वहीं यूपी के अंदर भी एक जगह जापान मेड मशीन से भ्रूण लिंग जांच की जा रही थी। इस तरह यूपी व दिल्ली में विदेशी मशीनों से भ्रूण लिंग जांच करके हरियाणा की बेटियों को गर्भ में मरवाया जा रहा है।
यूपी में दो लाख का इनाम, वहां की टीम फिर भी नहीं पकड़ती
हरियाणा में भ्रूण लिंग जांच करने वालों को पकड़वाने पर सरकार की ओर से एक लाख रुपये का इनाम दिया जाता है। उसका असर यहां काफी दिखाई दिया और स्वास्थ्य विभाग की टीमों के पास काफी सूचनाएं भ्रूण लिंग जांच की आई। इस कारण ही यहां के लिंगानुपात में पहले के मुकाबले काफी सुधार भी हुआ। इसको देखते हुए ही यूपी सरकार ने अपने यहां भ्रूण लिंग जांच पकड़वाने वालों को 2 लाख रुपये इनाम देने की घोषणा कर दी।
इनमें एक लाख रुपये सूचना देने वाले तो एक लाख रुपये डिकॉय महिला को दिए जाने का नियम है। इसके बावजूद यूपी के जिन जिलों में हरियाणा की टीमों ने छापा मारकर भ्रूण लिंग जांच करते हुए डॉक्टरों को रंगे हाथ पकड़ा है, उन जिलों में यूपी के अधिकारी एक भी डॉक्टर को नहीं पकड़ सके। इस तरह वहां के अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़ा होता है।
प्रदेश में भ्रूण लिंग जांच पर काफी रोक लग गई है, लेकिन यूपी व दिल्ली के डॉक्टरों ने हमारे यहां के जिलों में अपने दलाल छोड़ दिए है। वह दलाल यहां से महिलाओं को लेकर डॉक्टरों के पास जाते है और वहां भ्रूण लिंग जांच की जाती है। इसकी सूचना मिलने पर टीम लगातार छापेमारी करती है और यूपी व दिल्ली में काफी जगह भ्रूण लिंग जांच करते डॉक्टरों को रंगेहाथ पकड़ा गया है। इसके लिए विदेशी मशीनों का इस्तेमाल भी किया जाने लगा है। अगर यूपी व दिल्ली में भ्रूण लिंग जांच पर पूरी तरह से रोक जाती है तो हरियाणा का लिंगानुपात बहुत ऊपर पहुंच जाएगा और इसके लिए टीम लगातार प्रयास कर रही है।
- डॉ. आदर्श शर्मा, नोडल अधिकारी पीएनडीटी