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ओह! दूसरे विश्व युद्ध के शहीद की विधवा से ये कैसा सुलूक?

Wed, 29 Apr 2015 10:26 AM IST
आशीष वर्मा/अमर उजाला, चंडीगढ़
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दूसरे विश्व युद्ध में दुश्मनों के छक्के उड़ाने वाले शहीद योद्धा की विधवा पत्नी से बेरुखी का मामला सामने आया है। विधवा की अनदेखी किसी और ने नहीं बल्कि उसने की है, जिसकी आन बान और शान के लिए उसके हमसफर ने जान की बाजी लगाई और वीरगति को प्राप्त हो गए।
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95 वर्षीय विधवा रोंकू देवी बढ़ी हुई पेंशन व अन्य भत्तों के लिए पिछले कई सालों से दिल्ली से लेकर इलाहाबाद के चक्कर लगा रही हैं। लेकिन रक्षा मंत्रालय व उससे संबंधित डिपार्टमेंट उनकी मांगों को अनसुना कर रहे हैं। पति के शहीद होने पर मिलने वाला जंगी इनामी राशि भी बंद कर दी गई है।

अब चंडीगढ़ के ऑल इंडिया एक्स सर्विसमैन वेलफेयर एसोसिएशन ने उसकी हक की लड़ाई लड़ने का फैसला लिया है। एसोसिएशन ने मिनिस्ट्री ऑफ डिफेंस, चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ, प्रिंसिपल कंट्रोलर डिफेंस अकाउंट इलाहाबाद व पंजाब रेजिमेंट के सीनियर रिकॉर्ड ऑफिसर को कानूनी नोटिस भेजकर एक महीने का समय दिया है।
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अगर इस समय पर कोई कार्रवाई नहीं होती है तो एसोसिएशन कड़ा कदम उठाने के लिए तैयार है। मूलरूप से हिमाचल के हमीरपुर की रहने वाली 95 वर्षीय रोंकू के पति रांझा राम दूसरे विश्व युद्ध में दुश्मनों से लड़ते वक्त शहीद हो गए थे।

छठे वेतन आयोग के मुताबिक पेंशनकर्ता की 80 से 85 साल उम्र होने पर बेसिक पेंशन में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी, 85-90 वर्ष की उम्र होने पर पेंशन में 30 प्रतिशत की बढ़ोतरी, 90-95 की उम्र होने पर 40 प्रतिशत की बढ़ोतरी का लाभ मिलेगा।

100 साल की उम्र होने पर बेसिक पेंशन में 100 प्रतिशत की बढ़ोतरी हो जाएगी। रोंकू की उम्र इस समय 93 वर्ष है। इस हिसाब से उनकी बेसिक पेंशन में 40 प्रतिशत की बढ़ोतरी होनी थी। लेकिन उन्हें मौजूदा समय में सिर्फ 20 प्रतिशत बढ़ोतरी के साथ पेंशन मिल रही है।

नियमानुसार वीरांगना रोंकू को बढ़ी पेंशन एक जनवरी 2006 से मिलनी थी। लेकिन बढ़ी पेंशन साल 2010 से मिलनी शुरू हुई। करीब चार साल आठ महीने का एरियर उन्हें नहीं दिया गया। महंगाई भत्ता भी आज तक नहीं मिला।

जब रांझा राम शहीद हुए थे, तो उन्हें जंगी इनाम दिया गया था। इसकी महत्वता गलैंटरी अवॉर्ड के बराबर होती है। साल 2010 में सरकार ने इसे बढ़ाकर 500 रुपये महीना कर दिया था।

अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग
रोंकू के हक के लिए सरकार के खिलाफ लड़ने वाले एसोसिएशन के चेयरमैन भीम सेन सहगल ने बताया कि सरकार को एक महीने का लीगल नोटिस देकर जल्द से जल्द बढ़ी पेंशन व अन्य महंगाई भत्ता देने को कहा है।

साथ ही रोंकू को मानसिक रूप से परेशान करने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। अगर दिए गए समय में कोई एक्शन नहीं होता है तो एसोसिएशन कड़ा रुख अपनाएगी।
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