आतंकी हमले के केंद्र पठानकोट वायुसेना एयरबेस के एयर कमोडोर जेएस धामू ने सुनाई हमले में शहीद हवलदार जगदीश चंद की वीरगाथा। धामू ने कहा कि देर रात तलाशी अभियान के दौरान आतंकियों की वायुसेना कमांडो के साथ मुठभेड़ शुरू हो गई। एक गार्ड शहीद हो गया और एक घायल हो गया। संभवत: वे चार आतंकी थे। वे खिड़कियों पर गोली चलाते हुए भागे।
इस दौरान मेस में कुछ जवान नाश्ते की तैयारी कर रहे थे। उन्होंने वहां नाश्ता बनाते जवानों पर फायरिंग की। तीन जवान शहीद हो गए। फिर आतंकी आगे की ओर भागे। इस बीच मेस में खाना बना रहे हिमाचल के चम्बा में रहने वाले हवलदार जगदीश चंद निहत्थे ही आतंकियों के पीछे दौड़े।
उन्होंने आतंकियों को ललकारा और एक को पकड़ लिया। थोड़ी देर गुत्थमगुत्था हुए, फिर उसकी राइफल छीन उसे ही गोली मार दी। पर इस बीच तीन आतंकी पलटकर जगदीश के पास पहुंचे और उन्हें छलनी कर दिया। सेना से रिटायर जगदीश चंद ने कुछ साल पहले डीएससी ज्वाइन किया था।