हरियाणा में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के अनुबंध आधार पर लगे कर्मचारियों की रुके हुए डीए की किस्त जारी कर दी जाएगी। इसके लिए विभाग ने प्रपत्र जारी कर दिया है। ये किस्त छठे वेतन आयोग के तहत 154 से 164 प्रतिशत बढ़ाकर दी जाएगी। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन हरियाणा के निदेशक ने कर्मचारियों को यह लाभ देने के लिए सभी जिलों के संबंधित अफसरों को निर्देश दे दिए हैं। स्वास्थ्य कर्मचारी संघ हरियाणा व भारतीय मजदूर संघ के पदाधिकारियों ने इसके लिए स्वास्थ्य मंत्री व निदेशक का आभार व्यक्त किया है।
- कोरोना संकट में बढ़ा हरियाणा का जीएसटी संग्रह
कोरोना संकट के बावजूद हरियाणा सरकार ने रिकॉर्ड जीएसटी (वस्तु एवं सेवा कर) अर्जित किया है। आबकारी एवं कराधान मंत्री दुष्यंत चौटाला ने गत वर्ष आए जीएसटी कलेक्शन से तुलना करते हुए बताया कि इस वर्ष कोविड-19 के कारण शुरू में जीएसटी कलेक्शन कम रहा लेकिन बाद में उत्साहवर्धक बढ़ोतरी हुई।
उन्होंने बताया कि गत वर्ष अप्रैल में जहां कुल 1499.58 करोड़ रुपये का जीएसटी संग्रह था। वहीं इस बार अप्रैल में मात्र 237 करोड़ मिले। इसके बाद, मई में पिछले वर्ष 1501 करोड़ तथा इस वर्ष 891 करोड़ का जीएसटी संग्रह हुआ। चौटाला ने बताया कि विभागीय अधिकारियों द्वारा करदाताओं को प्रोत्साहित करने व टैक्स रिफंड की प्रक्रिया को सरल करने के बाद जीएसटी संग्रह में वृद्धि शुरू हुई। नतीजा यह हुआ है कि पिछले वर्ष सितंबर में जहां 1563 करोड़ का जीएसटी संग्रह था। वहीं इस वर्ष 1583 करोड़ है। पिछले वर्ष अक्तूबर में कुल 1543 करोड़ संग्रह था। वहीं इस वर्ष अक्तूबर में रिकॉर्ड 2563 करोड़ रुपये का जीएसटी संग्रह हुआ।
- नहीं हटाए जाएंगे ठेके पर रखे सफाई कर्मचारी
हरियाणा में ठेके पर रखे सफाई कर्मचारियों को नहीं हटाया जाएगा। इस संदर्भ में सरकार के पास पहुंच रही इस तरह की शिकायतों की वजह से यह फैसला लिया गया है। मुख्य सचिव कार्यालय की ओर से यह निर्देश गुरुवार को सभी जिलों के आला अफसरों व संबंधित विभाग के प्रमुखों को दे दिया गया है।
निर्देश में कहा गया है कि वर्ष 2015 में आउटसोर्सिंग पॉलिसी पार्ट-वन के तहत ठेकेदारों के माध्यम से विभिन्न शहरों में सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति की गई थी लेकिन सरकार के पास इस तरह की शिकायतें आ रही हैं कि ठेकेदार इन पुराने सफाई कर्मचारियों के स्थान पर नए सफाई कर्मचारियों को नियुक्त कर रहा है। इसी शिकायतों के मद्देनजर सरकार ने अब यह स्पष्ट कर दिया है कि इस पॉलिसी के तहत ठेके पर रखे गए पुराने सफाई कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त नहीं की जाएंगी।