चार दिन के अवकाश के बाद पंजाब विश्वविद्यालय मंगलवार को खुला। कार्यालय खुलने के कारण अपने काम के लिए कई विद्यार्थी पहुंचे। कोई परिणाम लेने पहुंचा तो कोई अन्य काम से। पंजाब, हिमाचल व हरियाणा समेत कई राज्यों से विद्यार्थी पहुंचे थे पर सभी को एक साथ एडमिन ब्लॉक में नहीं जाने दिया गया। इस कारण कई विद्यार्थी मायूस होकर लौट गए।
एडमिन ब्लॉक के बाहर विद्यार्थियों की भीड़ लग गई। कोरोना के कारण उन्हें एक साथ अंदर नहीं जाने दिया जा रहा था। जब विद्यार्थी अधिक हो गए तो उनको बारी-बारी से अंदर भेजा गया। विद्यार्थियों के तापमान की जांच करने के बाद उन्हें अधिकारियों से मिलने दिया गया। इस समय दाखिले चल रहे हैं, इसलिए विद्यार्थी प्रमाण पत्र आदि भी लेने आए थे।
पदोन्नति न होने पर वीसी आवास के बाहर प्रदर्शन
लंबे समय से शिक्षकों की पदोन्नति न होने के विरोध में मंगलवार को शिक्षकों का आक्रोश फूट पड़ा। पुटा के बैनर तले शिक्षकों ने वीसी आवास के बाहर प्रदर्शन करके नारेबाजी की। 2 साल से अधिक समय से 65 शिक्षकों के पदोन्नति लटके हुए हैं। इसे लेकर पुटा ने कई बार मांग की लेकिन पीयू प्रशासन केवल आश्वासन देता रहा।
कुछ दिन पहले पुटा ने पीयू प्रशासन को चेतावनी दी थी कि अगर पदोन्नति के लिए साक्षात्कार की तिथि तय नहीं की गई तो शिक्षक प्रदर्शन करेंगे। इस चेतावनी के बाद पीयू प्रशासन ने केवल 15 शिक्षकों की पदोन्नति के लिए ही साक्षात्कार तय किया। इसे लेकर मंगलवार को पुटा के कार्यकारी सदस्यों ने पहले बैठक की और उसके बाद धरने की रणनीति बनाई। उसके बाद वीसी के आवास के बाहर धरना शुरू कर दिया। उन्होंने कहा कि जब तक शिक्षकों की मांगें नहीं मानी जाएंगी, वे प्रदर्शन करते रहेंगे। आखिर में अधिकारियों ने कहा कि समस्याओं का समाधान जल्द किया जाएगा और उसके बाद शिक्षकों ने प्रदर्शन खत्म किया।
सोई ने सीनेट चुनाव की मांग को लेकर किया प्रदर्शन
सोई छात्र संगठन ने भी वीसी आवास के बाहर प्रदर्शन किया। छात्रों की समस्याओं को भी उठाया। साथ ही सीनेट चुनाव कराने की भी मांग की। यह भी कहा कि छात्रों को परिणाम से लेकर परीक्षा तक के लिए परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पीयू इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। इस प्रकरण का हल करें। शाम तक पीयू ने समस्या समाधान का आश्वासन दिया। इसके बाद प्रदर्शन खत्म हुआ। इस दौरान पुलिस भी मौजूद रही।