पाकिस्तान के एक ग्रुप द्वारा साइबर हमले का मामला सामने आया है। एक कॉलेज की वेबसाइट हैक कर उस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ अपशब्दों का प्रयोग किया गया है।
इतना ही कश्मीर मुद्दे पर भी पक्ष रखते हुए वहां से सेना हटाने को कहा गया है। मामला सामने आने पर कॉलेज प्रबंधन द्वारा शिकायत पुलिस अधीक्षक को दे दी गई है। इस पूरे मामले की साइबर सेल जांच कर रहा है।
कामी रोड स्थित पीएम कालेज की वेबसाइट को पाकिस्तान के एक हैक्सलुक ग्रुप द्वारा हैक कर लिया गया। रविवार देर रात साइट को कब्जे में लेने के बाद इस पर भारतीयों और उनके नेताओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी की गई है।
हैकिंग का पता सोमवार सुबह लगा। इस पर ग्रुप के चेयरमैन विजय नैन ने पुलिस अधीक्षक और साइबर सेल को लिखित शिकायत दी। शिकायत पर साइबर सेल ने जांच शुरू कर दी है।
हॉस्टल वाले स्टूडेंट से पता चली हैकिंग
हुआ यूं कि सोमवार सुबह कॉलेज के हॉस्टल में रहने वाले स्टूडेंट्स ने कॉलेज की वेबसाइट खोली थी। साइट खोलने पर उसमें कॉलेज की बजाय दूसरी सामग्री मिली। इस पर हैकिंग का पता लगा। स्टूडेंट्स ने तुरंत मामले की सूचना चेयरमैन तक पहुंचाई। इसके बाद चेयरमैन ने तुरंत सर्वर को ब्लॉक करा दिया।
प्रधानमंत्री के खिलाफ अश्लील शब्द
हैकर्स ने साइट पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ अश्लील शब्दों का इस्तेमाल किया है। इसके अलावा भारतीयों को भी अश्लील शब्दों से संबोधित किया गया है।
इतना ही नहीं साइट पर यह भी बताया गया है कि जिस देश में वहीं के लोग राष्ट्रीय ध्वज जलाते हैं, उसे देश से लोग कितना प्यार करते होंगे यह समझा जा सकता है। नरेंद्र मोदी को गुजरात में मुसलमानों की मौत का मास्टरमाइंड भी बताया गया है।
कश्मीर से सेना हटाने की दी चेतावनी
वेबसाइट पर हैकर्स ने कश्मीर से सेना हटाने की चेतावनी भी दी है। साइट पर लिखा गया है कि भारत कश्मीर से एक बार सेना हटाकर देख ले तो उन्हें पता चल जाएगा। साइट पर यह भी लिखा गया है कि कश्मीर भारत का हिस्सा नहीं है।
इसीलिए सेना द्वारा वहां पर मासूम लोगों को मौत के घाट उतारा जा रहा है। अगर कश्मीर भारत का हिस्सा है तो वहां कोई भी भारतीय बिना प्रोटोकॉल के क्यों नहीं जा सकता।
क्या कहते हैं एक्सपर्ट
आईटी एक्सपर्ट अनिल कुमार ने बताया कि पीएम कालेज की साइट पर हैकर्स ने अपने आप को हैक्सलुक का नाम दिया है। इसमें टीम पाक साइबर अटैकर्स लिखा गया है। जिससे साफ है कि हमला पाकिस्तान से ही किया गया है। ये तो समय से पहले सर्वर को ब्लॉक करवा दिया गया, नहीं तो पूरा सर्वर ही हैक हो सकता था।