जमीन, पेट्रोल पंप और होटलों में निवेश किया था पैसा
बता दें कि डेराबस्सी पुलिस ने करीब 25 करोड़ रुपये की 10 संपत्तियों की पहचान की है जो सुभाष शर्मा और हेम राज की हैं। ये संपत्तियां जीरकपुर में वीआईपी रोड और नाभा साहिब रोड पर स्थित हैं। सिन्हा ने 9 जनवरी, 2024 को एक लिखित आदेश में राजस्व अधिकारियों से इन 10 संपत्तियों की बिक्री पर रोक लगाने को कहा है। करोड़ों रुपये के क्रिप्टोकरेंसी घोटाले के शातिरों ने लोगों से ठगा पैसा पेट्रोल पंप और होटलों आदि में लगाया था।
अब तक गिरफ्तार हो चुके हैं 11 संदिग्ध
डेराबस्सी पुलिस ने अब तक 11 संदिग्धों को गिरफ्तार किया है और गिरोह के कई फरार सदस्यों के खिलाफ मामला दर्ज किया है, जिनमें हिमाचल प्रदेश के मंडी का कथित मास्टरमाइंड सुभाष शर्मा भी शामिल है। वह जीरकपुर में रह रहा था लेकिन वर्तमान में उसके दुबई में होने का संदेह है।
क्या है बीयूडीएस अधिनियम
बीयूडीएस अधिनियम के तहत संपत्तियां स्टेशन हाउस अधिकारी (एसएचओ), वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी), पुलिस महानिदेशक (डीजीपी), जांच ब्यूरो (बीओआई), गृह विभाग, वित्त विभाग (प्रशासनिक सचिव) के पत्राचार के माध्यम से संलग्न की जाती हैं।