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पंचकूला में नहीं, रोहतक में हो सकती है राम रहीम की पेशी, सुरक्षा को लेकर अधिकारियों ने की मीटिंग

Sat, 05 Jan 2019 02:42 PM IST
ajay kumar अवधेश शुक्ला, अमर उजाला, पंचकूला (हरियाणा)
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राम रहीम
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पत्रकार रामचंद्र छत्रपति हत्याकांड के मुख्य आरोपी डेरा प्रमुख राम रहीम को 11 जनवरी को सीबीआई कोर्ट में पेश होने के आदेश के बाद पुलिस प्रशासन सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम करने में जुट गया है। इस मामले को लेकर वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की एक अहम मीटिंग भी हो चुकी है। जिसमें कई फैसले लिए गए हैं।

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 मीटिंग में पहले की घटना को ध्यान में रखते हुए फैसला लिया गया है कि राम रहीम को रोहतक में ही पेश करना उचित होगा। क्योंकि उसे सड़क मार्ग से पंचकूला विशेष सीबीआई कोर्ट में लाना खतरे से खाली नहीं है। यदि सड़क मार्ग से राम रहीम को लाया जाता है तो कई तरह की परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। जैसे कि राम रहीम के अनुयायी सड़क पर लेटकर यातायात अवरुद्ध कर सकते हैं। हालांकि अधिकारियों ने अभी तक अंतिम फैसला नहीं लिया है।       

पुलिस के एक उच्चाधिकारी ने नाम न प्रकाशित करने की शर्त पर बताया कि राम रहीम को सड़क मार्ग से लाने के दौरान कोई भी शरारती तत्व 100 से लेकर 800 मीटर की दूरी से जानलेवा हमला भी कर सकता है। वहीं, यदि उसे चॉपर से पंचकूला लाया जाता है तो समाज में इसका संदेश गलत जाएगा। सबसे बड़ा सवाल यह भी है कि चॉपर का खर्च कौन उठाएगा। हालांकि शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए जा रहे हैं। 

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राम रहीम - फोटो : social media
कोर्ट परिसर से लेकर सेक्टर-एक की सुरक्षा का खाका तैयार कर लिया गया है। राज्य में सुरक्षा के लिए आवश्यक इंतजाम करना पुलिस विभाग की जिम्मेदारी है। क्योंकि 2017 में सीबीआई कोर्ट की ओर से राम रहीम को दोषी ठहराने के बाद अनुयायी भड़क उठे थे, जिसमें 38 लोगों की मौत हो गई थी। इसलिए उसे पंचकूला की विशेष सीबीआई कोर्ट में पेश करना अनुचित होगा और रोहतक में पेश किया जा सकता है।

कोर्ट के आदेश में पंचकूला का नाम नहीं
वरिष्ठ अधिकारी ने जानकारी दी कि सीबीआई कोर्ट की ओर से जारी आदेश में पंचकूला के नाम का उल्लेख नहीं किया गया है। इसलिए राम रहीम को रोहतक में ही पेश किया जा सकता है, जहां वह पहले से ही 20 साल की सजा काट रहा है। पुलिस विभाग के उच्च अधिकारी डीजीपी बीएस संधू, डीजी जेल केवल राज और एडीजी ऑपरेशन एएस चावला राम रहीम को अदालत में पेश करने के लिए एक-दूसरे के संपर्क में हैं।       

सुनारिया जेल में लग सकती है कोर्ट
राम रहीम को दोषी ठहराने के बाद पंचकूला में जो हिंसक घटना हुई थी उसके मद्देनजर दोषी को सजा सुनाने के लिए सुनारिया जेल में सीबीआई की कोर्ट लगी थी। सूत्रों ने कहा कि पुलिस का मेन फोकस राज्य में शांति बरकरार रखना है। रोहतक के सुनारिया जेल अधीक्षक को राम रहीम की उपस्थिति सुनिश्चित करने के आदेश सीबीआई कोर्ट ने दिए हैं। यह मामला सरकार और पुलिस विभाग के लिए भी चिंता का विषय है।
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