शहर में पेड पार्किंग के रेट बढ़ाने का मामला फिलहाल कुछ समय के लिए टल गया है। शहर में पेड पार्किंग की संख्या बढ़ाई जाएगी। हालांकि मेयर अरुण सूद का कहना है कि पार्किंगों की संख्या बढ़ाकर उन्हें रेगुलेट करने का निर्णय लिया गया है। बुधवार को गवर्नर हाउस में इस मुद्दे पर बैठक में यह फैसला लिया गया। साथ ही तय किया गया कि कि पेड पार्किंग से ठेकेदारी प्रथा समाप्त करके उन्हें कंपनियों को चलाने के लिए दिया जाएगा।
नगर निगम पहले ही शहर में पेड पार्किंग की संख्या 25 से बढ़ाकर 93 करने के लिए सर्वे कर चुका है। प्रशासन ने नगर निगम को पेड पार्किंग रेट बढ़ाने की चेतावनी देकर 401(5) का नोटिस भेजा था। इसके बाद गवर्नर हाउस में बैठक बुलाई गई। बैठक में सलाहकार परिमल राय, गृह सचिव अनुराग अग्रवाल, कमिश्नर बी पुरुषार्था, मेयर अरुण सूद और ज्वाइंट कमिश्नर वीरेंद्र चौधरी शामिल हुए।
पार्किगों में विज्ञापन को मंजूरी बैठक के बाद प्रेसवार्ता में मेयर अरुण सूद ने कहा कि बैठक में यह निर्णय हुआ है कि अभी एक माह तक मल्टीलेवल पार्किंग के माडल का स्टडी किया जाएगा, क्योंकि मल्टीलेवल पार्किंग को कंपनी को चलाने के लिए दिया गया है। सूद का कहना है कि प्रशासक कप्तान सिंह सोलंकी ने पार्किंगों में सुविधाएं बढ़ाने के लिए कंपनियों को विज्ञापन की मंजूरी भी दे दी है ताकि नगर निगम को कमाई हो सके और लोगों की सुविधाओं का इजाफा हो सके।
मल्टीलेवल पार्किंग के मॉडल का स्टडी कर बनेगी पॉलिसी सूद का कहना है कि एक माह बाद मल्टीलेवल पार्किंग के माडल को स्टडी करके पालिसी बनाई जाएगी कि शहर की सभी पेड पार्किंग निशुल्क चलाई जाए, कंपनियों को आपरेशन के लिए दिया जाए, विज्ञापन कंपनियों को दिया जाए, किसी पार्किंग में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर चलाया जाए या फिर कोई और मॉडल अपनाया जाए।
23 पार्किंग के ठेके फिर से होंगे अलॉट उन्होंने कहा कि जो 23 पेड पार्किंगों को फिर से ठेके पर अलॉट करने का निर्णय लिया गया है। उन्हें सिर्फ छह माह के लिए ठेकेदारों को चलाने के लिए दिया जाएगा ताकि अभी जो नगर निगम को पार्किंग खाली होने के कारण नुकसान हो रहा है वह न हो पाए। मेयर ने कहा कि वर्तमान ठेकेदारी प्रथा से शहर का हर कोई पेड पार्किंग से परेशान है। ऐसे में पेड पार्किंग में कई तरह के सुधार करने का निर्णय लिया जाएगा।
नई भर्ती की भी दी मंजूरी प्रेसवार्ता में सूद ने बताया कि प्रशासक ने नगर निगम के खाली पड़े पदों को भी भरने की मंजूरी दे दी है। इस समय फायर, सैनिटेशन के अलावा कई विभागों में पद खाली हैं।
घंटों के हिसाब से रेट बढ़ाने की थी योजना प्रशासन की ओर से नगर निगम पर पेड पार्किंग का रेट बढ़ाने का लगातार दबाव था। प्रशासन नगर निगम को अब तक पांच नोटिस जारी कर चुका है। अभी प्रशासन की ओर से नगर निगम पर घंटों के हिसाब से रेट बढ़ाने का नोटिस भेजा गया था जिसे अभी फिलहाल रोक दिया गया है।