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‘मस्तीजादे’ और ‘क्या सुपर कूल हैं हम’ पर केंद्र को नोटिस

Wed, 27 Jan 2016 08:01 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
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29 जनवरी को रिलीज होने जा रही फिल्म ‘मस्तीजादे’ और बीते शुक्रवार को रिलीज ‘क्या सुपर कूल हैं हम 3’ को पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है। इसी याचिका पर हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार से पूछा है कि क्या कोई आपत्तिजनक प्रोमो चल रहा है।
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अदालत ने केंद्र सरकार को सेंसर बोर्ड से इस बारे में पता लगाकर 24 घंटे में जवाब देने का निर्देश देते हुए सुनवाई वीरवार तक स्थगित कर दी है।

याचिका में आरोप है कि फिल्म में अश्लील संवाद और दृश्य हैं। लिहाजा, पंजाब-हरियाणा और चंडीगढ़ में इसके प्रदर्शन पर रोक लगाई जाए। ‘क्या सुपर कूल हैं हम’ पिछले शुक्रवार को रिलीज हो चुकी है। याचिका इससे एक दिन पहले दायर हुई थी। याची संस्था रक्षा ज्योति फाउंडेशन को उस वक्त ‘क्या सुपर कूल हैं हम’ पर कोई राहत नहीं मिल पाई थी, लेकिन अब हाईकोर्ट ने मस्तीजादे के साथ ही ‘क्या सुपर कूल हैं हम’ के प्रोमो के बारे में जवाब तलब कर लिया है।

‘क्या सुपर कूल हैं हम’ फिल्म के प्रोडक्शन हाउस ने अपने जवाब में कहा है कि सेंसर बोर्ड के सामने स्वेच्छा से 107 संवादों और दृश्यों को काटने की सिफरिश की गई थी। बोर्ड ने इसके अलावा 32 और दृश्य व संवाद काटे थे। इसी प्रकार मस्तीजादे के 349 दृश्य और संवाद काटने की सिफारिश की थी। बोर्ड ने इस फिल्म में भी 32 संवाद और दृश्य काटे थे। कुल 381 संवाद और दृश्य फिल्म से बाहर कर दिए गए।
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केंद्र सरकार ने अपने जवाब में कहा है कि फिल्मों के प्रोडक्शन हाउस ने शपथ पत्र दे रखा है कि जो दृश्य व संवाद काटे गए हैं, उनका प्रदर्शन किसी भी रूप में नहीं किया जाएगा। बोर्ड ने इंटरनेट या यू-ट्यूब पर चल रहे प्रोमो की जांच की है या नहीं, इसके बारे में पता लगाकर बताया जाएगा।

इसी पर बेंच ने पूछा है कि स्थिति स्पष्ट की जाए कि कोई आपत्तिजनक संवाद या दृश्य का प्रदर्शन तो नहीं हो रहा। याचिका में कहा है कि पिछले दिनों से टेलीविजन चैनलों पर इन दोनों फिल्मों के जो प्रोमो दिखाए जा रहे हैं, उसका बच्चों पर बुरा असर पड़ रहा है।

ऐसे में प्रधानमंत्री सहित सेंसर बोर्ड को पत्र लिखकर इन फिल्मों से अश्लील संवादों और दृश्यों को हटाने की मांग की गई थी, लेकिन अभी तक कोई भी कार्रवाई नहीं की गई। लिहाजा, हाईकोर्ट में याचिका दायर करनी पड़ी।
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