ट्राइसिटी (चंडीगढ़-पंचकूला व मोहाली) में रविवार को नौ कोरोना संक्रमितों की मौत और 4217 नए मरीजों के मिलने से हड़कंप मच गया। तीसरी लहर में अब तक एक दिन में हुई मौतों की यह सबसे बड़ी संख्या है। मृतकों में से पांच मोहाली, तीन पंचकूला जबकि एक चंडीगढ़ का रहने वाला था। वहीं, नए मरीजों में चंडीगढ़ के 1358, मोहाली के 1831 और पंचकूला के 1028 लोग शामिल हैं। संक्रमण की दिनोंदिन बढ़ती रफ्तार और मौत के आंकड़ों में बढ़ोतरी से प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की चिंताएं बढ़ गई हैं।
चंडीगढ़ में बीते 24 घंटे के दौरान 6039 लोगों की जांच की गई। इनमें से 1358 में संक्रमण की पुष्टि होने के बाद संक्रमण दर 22.49 प्रतिशत पर पहुंच गई। वहीं, सेक्टर-25 निवासी 38 वर्षीय महिला को अचेत अवस्था में जीएमएसएच-16 लाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद हुई कोरोना जांच में उनमें संक्रमण की पुष्टि हुई।
महिला ने कोरोना टीके की दोनों डोज लगवा ली थी। संक्रमित मिले मरीजों में पुरुषों की संख्या 722 व महिलाओं की संख्या 636 रही। वहीं दूसरी तरफ सक्रिय मरीजों की संख्या 9203 पर पहुंच गई है। वहीं, अब तक शहर में 1087 मरीजों की मौत हो चुकी है। वहीं, सात दिन की अवधि पूरी कर लेने पर 665 मरीजों को छुट्टी दे दी गई।
मनीमाजरा बना हुआ है हॉटस्पॉट, 107 मरीज मिले
स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, रविवार को मनीमाजरा से सबसे ज्यादा 107 संक्रमित मिले। चिंता की बात यह है कि पहली और दूसरी लहर की तरह मनीमाजरा तीसरी लहर में भी संक्रमण की दृष्टि से हॉटस्पॉट बना हुआ है। यहां से लगातार सबसे ज्यादा संक्रमित सामने आ रहे हैं। ओमिक्रॉन के मरीज की पुष्टि भी मनीमाजरा में ही हुई थी। ऐसे में क्षेत्रीय लोगों को ज्यादा सचेत रहने की जरूरत है। इसके अलावा सेक्टर-15 से 46, सेक्टर-35 से 47 , सेक्टर-44 से 40, सेक्टर-46 से 42, धनास से 40 और पीजीआई से 13 संक्रमित मिले हैं।
एक साल बीत गए, टीकाकरण का चक्र नहीं हुआ पूरा
उधर, संक्रमण से बचाव के लिए शुरू किया गया टीकाकरण अभियान एक साल बाद भी पूरा नहीं हो सका है। 16 जनवरी 2021 को शुरू किए गए टीकाकरण अभियान के तहत 14 अगस्त 2021 को चिह्नित आबादी को टीके की पहली खुराक लगाने का लक्ष्य पूरा कर लिया गया था लेकिन दूसरी खुराक का लक्ष्य अब भी अधूरा है। अब तक शहर की चिह्नित आबादी में से 98.40 प्रतिशत को ही टीके की दूसरी खुराक लगाई जा सकी है।