फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Chandigarh News: चिन्नी हत्याकांड में नया खुलासा, गैंगस्टर लक्की पटियाल का दावा

विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

चंडीगढ़। सेक्टर-9 में प्रॉपर्टी डीलर चमनप्रीत सिंह उर्फ चिन्नी हत्याकांड में नया खुलासा हुआ है। गैंगस्टर लक्की पटियाल ने एक यूट्यूब चैनल पर वायरल ऑडियो में दावा किया है कि मोहाली के जिला प्रशासनिक परिसर के बाहर गुरविंदर सिंह की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या के मामले में चिन्नी की अहम भूमिका थी।
वायरल ऑडियो में लक्की पटियाल ने आरोप लगाया कि चिन्नी जमीन कब्जाने और ठगी जैसे मामलों में संलिप्त था और विरोधी गैंग के साथ मिलकर काम करता था। उसने यह भी दावा किया कि चिन्नी विरोधी पक्ष के लिए रेकी कराता था। लक्की के मुताबिक उसने चिन्नी को समझाने के लिए कई बार कॉल भी की लेकिन उसने दविंदर बंबीहा गैंग और लक्की पटियाल को चुनौती देते हुए बात को नजरअंदाज किया।
विज्ञापन

लक्की ने यह भी कहा कि गुरविंदर हत्याकांड में उसका कोई लेना-देना नहीं है और न ही वह पीड़ित को जानता था, लेकिन इस वारदात को उसके नाम से जोड़ दिया गया। साथ ही उसने बताया कि चिन्नी पहले उससे बाउंसर ड्यूटी लगवाने के लिए संपर्क करता था। यही नहीं, राणा बलाचौरिया हत्याकांड को लेकर लक्की ने खुद की संलिप्तता से इन्कार किया, हालांकि उसने यह स्वीकार किया कि उसने राणा की रेकी करवाई थी। वहीं, पंजाब यूनिवर्सिटी में सोपू नेता जशन जावंधा पर हुई फायरिंग में भी किसी तरह की भूमिका से इन्कार किया गया है। इस बीच लक्की ने यह भी दावा किया कि डोनी बल, शगनप्रीत और घनश्यामपुरिया गैंग का दविंदर बंबीहा गैंग से कोई संबंध नहीं है और बंबीहा गैंग का संचालन वही कर रहा है। हालांकि, वायरल ऑडियो की सत्यता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन

चिन्नी पर मारपीट व हत्या के प्रयास समेत पांच केस दर्ज
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार चिन्नी के खिलाफ पंजाब में मारपीट, हत्या के प्रयास, धमकी और अन्य धाराओं में पांच एफआईआर दर्ज हैं। 2016 में कुराली थाने में मारपीट, तोड़फोड़ और धमकी का पहला मामला दर्ज हुआ। 2017 में भी इसी थाने में मारपीट व धमकी की धाराओं में केस दर्ज किया गया। 2018 में हत्या के प्रयास, महिला से छेड़छाड़ और हथियार इस्तेमाल के आरोप लगे। वहीं 2025 में माजरी थाने में मारपीट, चोट पहुंचाने और धमकी देने के मामले में एफआईआर दर्ज हुई।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें