लोकसभा चुनाव में वोटिंग प्रतिशत बढ़ाने के लिए जिला प्रशासन तरह-तरह के उपाय कर रहा है, लेकिन चुनाव ड्यूटी में जुटे अफसर ही लापरवाही बरतने लगे हैं।
नौ मार्च को वोटर कार्ड बनवाने के लिए चलाए गए विशेष अभियान के दौरान ऐसे ही 17 अफसरों की लापरवाही सामने आई।
अब जिला निर्वाचन अधिकारी डा. एसएस फुलिया ने इसे गंभीरता से लेते हुए इन सभी बीएलओ पर कार्रवाई के आदेश जारी किए हैं।
इनमें सात बीएलओ कालका और 10 पंचकूला विधानसभा क्षेत्र से हैं। बहरहाल, 17 बीएलओ के ड्यूटी से अनुपस्थित रहने की वजह से पीपल रीप्रेजेंटेटिव एक्ट की धारा-32 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
इसके तहत दो महीने से दो साल तक की सजा का प्रावधान है। इसके अलावा इस ड्यूटी के दौरान अपनी जिम्मेवारी नहीं निभाने वाले स्कूलों के प्रिंसिपल के खिलाफ भी कार्रवाई के संकेत दिए हैं।
दरअसल, वोटिंग के प्रति जागरूक करने के लिए प्रशासन ने नौ मार्च को जिलेभर में विशेष अभियान चलाया था, लेकिन कालका विधानसभा क्षेत्र में सात बीएलओ ने अपनी जिम्मेवारी नहीं निभाई, जबकि पंचकूला विधानसभा क्षेत्र के 10 बीएलओ अनुपस्थित रहे।
इसलिए अब उनके खिलाफ कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस ड्यूटी के दौरान कुछ गैर सरकारी स्कूलों ने जगह मुहैया कराने में आनाकानी की तो कई स्कूलों के बारे में यह भी शिकायत है कि वहां फर्नीचर व अन्य सुविधाएं मुहैया कराने में भी आनाकानी की जा रही है। फिलहाल, कार्रवाई जारी है।