विधानसभा चुनाव में हार के बाद शुक्रवार को मीडिया के सामने आए पंजाब प्रदेश कांग्रेस के प्रधान नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा है कि लोगों ने पंजाब के लिए बहुत बढ़िया फैसला लिया है और पंजाब के रिवायती सिस्टम को बदलकर एक नई नींव रखी है। उन्होंने कहा- ‘मैं ठोककर कह रहा हूं कि जो लोगों ने बदलाव किया, बहुत बढ़िया किया।
पंजाब के लोगों में मैं भगवान देखता हूं। पंजाब की भलाई में ही मेरा भला है।’ सिद्धू ने किसी का नाम लिए बिना कहा कि जिसने सिद्धू के लिए गड्ढा खोदने और नीचा दिखाने की कोशिश की, वह खुद उसमें गिर गए हैं। वह तीन मुख्यमंत्रियों का निपटारा कर चुके हैं। कौन कहता है कि बेअदबी की सजा नहीं मिली।
चुनाव के नतीजे में सबने देख लिया, जो पंथ पर राज करते थे, कहां गए। सिद्धू ने बगैर नाम लिए कैप्टन अमरिंदर सिंह पर भी निशाना साधते हुए कहा कि लालची, ढोंगी और डाकू मुख्यमंत्री जिसकी बादलों से दोस्ती थी, उसे बहुत अहंकार था। उससे जंग लड़ी और उसे पद से हटाया।
‘चन्नी पर छोड़ दिया था प्रचार का जिम्मा’
कांग्रेस की हार के लिए सिद्धू ने अप्रत्यक्ष तौर पर चरणजीत सिंह चन्नी को भी जिम्मेदार ठहराया। अपने हलके से बाहर प्रचार न करने के बारे में सिद्धू ने कहा कि प्रचार की जिम्मेदारी उनकी नहीं बल्कि चन्नी की थी। सिद्धू ने कहा कि जब चन्नी को राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री पद के लिए चुना था तो उन्होंने चन्नी का हाथ पकड़कर कह दिया था कि अब जिम्मेदारी तुम्हारी है।
सिद्धू ने कहा उन्होंने चन्नी का अंत तक सहयोग किया। जीत-हार से कोई फर्क नहीं पड़ता। लोगों ने आम आदमी पार्टी को पूर्ण फतवा दिया है और लोगों के फतवे का सम्मान होना चाहिए। आम आदमी पार्टी को पंजाब ने भरपूर मौका देते हुए पांच साल का समय दिया है। कांग्रेस को भी इतना ही समय दिया था लेकिन वह इसका फायदा नहीं उठा पाई।