कांग्रेस नेता ने कहा कि यह भी पता चला है कि सूबे के हेलिकॉप्टर का इस्तेमाल विभिन्न राज्यों में प्रचार के लिए भी किया गया था। उन्होंने कहा कि वे इस संबंध में भी जानकारी चाहते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि लग्जरी उड़ान पर जनता का पैसा क्यों बर्बाद किया जा रहा है? और पंजाब के संसाधनों की चोरी क्यों हो रही है? उन्होंने आरोप लगाया कि विमानों का इस्तेमाल गुजरात, हिमाचल प्रदेश और अन्य राज्यों में चुनाव प्रचार के लिए किया गया।
सिद्धू ने आरटीआई के तहत ये जानकारी मांगी
- पिछले डेढ़ साल में राज्य सरकार द्वारा कितनी बार निजी जेट किराए पर लिया गया?
- सभी विमान किन स्थानों की यात्रा के लिए थे और इसका उद्देश्य क्या था?
- सभी उड़ानों और विमान किराए पर लेने का कुल बिल जिसमें विमान का किराया और हवाई अड्डा शुल्क शामिल है, कितना रहा?
- चूंकि आपका विभाग विमान किराये पर लेने और खर्च का भुगतान करने के लिए जिम्मेदार है, इसलिए यह भी बताएं कि फिक्स्ड-विंग विमान की प्रति घंटे किराये की लागत क्या है?
पंजाब सरकार नहीं देती आरटीआई का जवाबः सिद्धू
सिद्धू ने कहा कि पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान कर्ज लेकर सरकार चला रहे हैं। उन्होंने वोट के लिए मुफ्त बिजली देकर बिजली निगम को भी कर्जदार बना दिया है। सिद्धू ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बड़े-बड़े दावे किए लेकिन सब झूठे साबित हुए। उन्होंने भगवंत मान को अखबारी मुख्यमंत्री बताते हुए कहा कि पंजाब सरकार आरटीआई का जवाब नहीं देती, जिसके कारण चार बार के सांसद होने के बावजूद उन्हें पंजाब नागरिक उड्डयन विभाग में जानकारी लेने के लिए आना पड़ा है।