नेशनल शूटर सिप्पी के हत्यारों को पकड़ने के लिए 72 घंटे का अल्टीमेटम देते हुए परिजनों ने कैंडल मार्च निकाला। सिप्पी के भाई जिप्पी ने बताया कि अगर पुलिस ने इस अवधि में जज की बेटी की गिरफ्तारी नहीं कि तो वो दिल्ली जाकर प्रधान मंत्री के घर के बाहर धरना- प्रर्दशन करेंगे।
परिजनों का कहना है कि 80 दिन से ज्यादा का समय बीत चुका है पर अभी तक केस में कुछ नहीं हुआ है। आईजी, एसएसपी पहले तो कहते रहे कि एक दो दिन में केस सॉल्व हो जाएगा पर अब उनका सब्र का बांध टूट चुका है। इसलिए अब तीन दिनों में अगर पुलिस कुछ नहीं करती तो उनका अगला प्रदर्शन पीएम आवास के बाहर होगा।
रविवार को आयोजित कैंडल मार्च में ट्राइसिटी से सैकड़ों लोग सिप्पी के परिजनों को न्याय दिलाने के लिए मटका चौक पर जमा हुए । लगभग 500 लोग हाथों में जस्टिस फॉर सिप्पी के बैनर लेकर मटका चौक से मार्च करते हुए सेक्टर 17 प्लाजा तक गए। प्लाजा में पहुंचकर लोगों ने सिप्पी की याद में मोमबत्तियां जलाईं।
परिजनों ने रविवार को खुलकर जज, उनके पति , बेटी का नाम लिया और आरोप लगाए की उन्होंने ही सिप्पी की हत्या करवाई है, क्योंकि सिप्पी ने लड़की से शादी करने से मना कर दिया था। पुलिस सिर्फ सिटिंग जज होने की वजह से उसकी बेटी पर हाथ नहीं डाल रही है, जबकि सीसीटीवी फुटेज में भी मौके से एक लड़की भागते हुए दिख रही है।
लड़की के पालीग्राफी टेस्ट की याचिका पर उठाए सवाल
पुलिस ने जो लड़की के पॉलीग्राफी टेस्ट करवाने की याचिका लगा रखी है वह भी सिर्फ दिखावा है । लड़की ने अगर कोर्ट टेस्ट करवाने के लिए हां नहीं की तो कैसे टेस्ट होगा यह बात पुलिस भी जानती है। फिर याचिका लगाने का क्या औचित्य है?
सोमवार को पुलिस की लाई डिटेक्टर टेस्ट की याचिका पर सुनवाई भी होनी है। कैंडल मार्च का कार्यक्रम पूरी तरह शांति पूर्ण रहा। बस कैंडल मार्च के दौरान मटका चौक पर कुछ देर के लिए जाम लग गया था। बाद में ट्रैफिक पुलिस ने जाम खुलवा दिया।