हरियाणा फतह के लिए भाजपा के साथ संघ परिवार भी सक्रिय हो गया है। विश्व हिंदू परिषद (विहिप) जनजागरण अभियान के तहत लोगों के बीच पहुंचने लगी है, जबकि बजरंग दल भी शीघ्र ही सक्रिय होने जा रहा है।
सियासी जंग की रणनीति तैयार करने में जुटी भाजपा चुनाव प्रचार के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत सभी स्टार प्रचारकों के कार्यक्रम तय करने में जुट गई है। मोदी की लगभग छह चुनावी रैलियां हो सकती हैं।
भाजपा ने लोकसभा चुनाव की तरह हरियाणा के लिए 60 प्लस मिशन तय किया है। इसके तहत पार्टी ने प्रदेश की 90 में से 60 सीटें जीतने का लक्ष्य तय कर दिया है।
लोकसभा चुनाव में भाजपा ने मिशन 272 प्लस का लक्ष्य तय किया था, जिसे उसने हासिल भी कर लिया। हरियाणा में भाजपा अब तक गठबंधन के सहारे ही सत्ता सुख लेती रही है।
अपने दम पर बना सकती है भाजपा सरकार
हरियाणा गठन के इन 47 वर्षों में पहली बार राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ को लग रहा है कि भाजपा अपने दम पर सरकार बना सकती है, इसलिए संघ कोई भी कसर नहीं छोड़ना चाहता है। संघ ने अपने सभी संगठनों को सक्रिय कर दिया है।
इसी रणनीति के तहत विहिप 17 अगस्त यानी कृष्ण जन्माष्टमी से हरियाणा में कुछ ज्यादा ही सक्रिय हो गया है। दरअसल, कृष्ण जन्माष्टमी विहिप का स्थापना दिवस है।
1964 को इसी दिन विहिप का गठन हुआ था, इसलिए विहिप अपनी स्वर्णजयंती वर्ष मना रहा है। हालांकि विहिप नेता विनोद बंसल का दावा है कि सिर्फ हरियाणा ही नहीं पूरे भारत समेत विश्व के 40 देशों में जनजागरण कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं।
इसके अलावा भाजपा और संघ परिवार के अन्य संगठनों से जुड़े दूसरे प्रदेशों के नेता-कार्यकर्ता भी हरियाणा में डेरा डालने लगे हैं। बजरंग दल भी अपने हिसाब से कार्यक्रम आयोजित करेगा।
चुनाव कार्यक्रम का इंतजार
भाजपा को अब चुनाव आयोग से चुनाव कार्यक्रम के ऐलान का इंतजार है। इसके बाद पार्टी आक्रामक तरीके से चुनाव प्रचार में कूद जाएगी। चार विजय संकल्प यात्राएं निकालने के बाद पार्टी अब प्रत्याशियों के चयन और चुनाव घोषणापत्र तैयार करने में जुटी है। इसके अलावा भाजपा पार्टी के राष्ट्रीय नेताओं के कार्यक्रम भी तैयार किए जा रहे हैं।
मोदी की हो सकती हैं आधा दर्जन रैलियां
प्रदेश भाजपा ने प्रधानमंत्री की मोदी की कम से कम छह रैलियां आयोजित करने का प्रस्ताव तैयार किया है। इसके लिए मोदी से कम से कम तीन दिन हरियाणा आने का कार्यक्रम बनाने का आग्रह किया गया है।
राजनाथ सिंह, सुषमा स्वराज, अमित शाह समेत वरिष्ठ नेताओं की भी कई रैलियां होंगी। इसके अलावा फिल्मी पृष्ठभूमि के भाजपा नेताओं को भी चुनाव प्रचार के लिए बुलाया जा सकता है।