पहले बहू को सताया और फिर जब केस दर्ज हो गया तो समझौते के लिए सास आयोग पहुंच गई। ऐसे करीब 15 मामले सामने आए हैं। दहेज प्रताड़ना का डर पति से अधिक सास को सताने लगा है। दहेज प्रताड़ना से बचने के लिए प्रदेश के रोहतक, कुरुक्षेत्र, झज्जर, पानीपत, सोनीपत, रेवाड़ी, फरीदाबाद कई जिले की सास महिला आयोग में पत्र देकर बहू की वापसी की गुहार लगा रही है।
पत्र में लिखा जा रहा है कि उसकी गलती से ही बहू ने उसके बेटे और पति की शिकायत की है। बस एक बार फैसला करा दो, वह भविष्य में बहू को परेशान नहीं करेंगी। वह अपने बेटे और बहू को अलग देखना नहीं चाहती हैं। 15 मामलों में फैसला कराया जा चुका है।
पिछले दो माह में प्रदेशभर की 30 सास ने समझौते के लिए पत्र दिए हैं। इनमें से 15 मामलों में सुलह कराई जा चुकी है। बाकी में सुलह का प्रयास किया जा रहा है।
- प्रतिभा सुमन, चेयरमैन, राज्य महिला आयोग