चंडीगढ़। नगर निगम को वित्तीय संकट से उबारने के लिए मेयर राजबाला मलिक की सात सदस्यीय कमेटी की बैठक सोमवार को होगी। इसमें निगम को रेवेन्यू बढ़ाने के लिए क्या कदम उठाने चाहिए, इस पर चर्चा की जाएगी। इसके साथ पिछली बैठक में मांगे गए डाटा और तय एजेंडों पर भी सदस्य चर्चा करेंगे। हालांकि, 10 अगस्त को कोरोना की वजह से बैठक नहीं हो सकी थी।
इससे पहले बैठकों में कमेटी के सदस्यों ने निगम से वर्तमान में आ रहे रेवेन्यू का डाटा मांगा था। इसके अलावा निगम की विवादित भूमि व जहां निगम की भूमि खाली पड़ी है, उसकी भी जानकारी मांगी थी। इसके अलावा कुछ जगहों पर नगर निगम ने टैक्स लगाने की बात कही थी। निगम ने कमेटी को पूरी जानकारी उपलब्ध करा दी है। अब आगे कमेटी रेवेन्यू बढ़ाने के लिए चर्चा करेगी।
बता दें कि जून माह की बैठक में निगम की वित्तीय हालत को लेकर एजेंडा लाया गया था। उसके बाद कमिश्नर केके यादव ने मेयर से अपील की थी कि रेवेन्यू बढ़ाने के लिए मेयर एक कमेटी गठित करें। मेयर ने सात सदस्यीय कमेटी में काउंसलर अजय दत्ता, अरुण सूद, देवेश मोदगिल, राजेश कालिया, अनिल कुमार दुबे, महेश इंद्र सिंह सिद्धू, सतीश कैंथ और एडिशनल कमिश्नर अनिल कुमार गर्ग को शामिल किया। कमेटी का कन्वीनर चीफ अकाउंट ऑफिसर गुलशन मेहता को बनाया गया। 25 जुलाई को कमेटी को अंतिम रिपोर्ट देनी थी, लेकिन कोई निष्कर्ष न निकलने से इसका समय बढ़ा दिया गया है।