अमृतसर के स्पेशल ऑपरेशन यूनिट द्वारा गिरफ्तार किए गए खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स के आतंकी गुरदेव सिंह से ज्वाइंट इंटेरोगेशन सेंटर में पूछताछ के बाद कई अहम खुलासे हुए हैं। गुरदेव के जरिए एक बार फिर तस्वीर साफ हुई है कि पंजाब में आतंकी रंजीत सिंह नीटा अपना नेटवर्क मजबूत करने में जुटा हुआ है। गुरदेव सिंह के भी नीटा के साथ कनेक्शन साफ हो गए हैं और पूरा ब्योरा आईबी के अलावा कई एजेंसियों को मिल गया है।
गुरदेव सिंह ने जेआईटी में इस बात को कबूल किया कि उसका भाई गुरमीत सिंह बग्गा जर्मनी में है, जो नीटा के साथ संपर्क में है। गुरदेव सिंह के खिलाफ पहले भी देश विरोधी गतिविधियों में शामिल होने को लेकर कई मामले दर्ज हैं। वह पुलिस से बचने के लिए लंबा समय थाइलैंड में रहा लेकिन आईबी ने इसकी जानकारी थाईलैंड सरकार तक पहुंचाई तो उसको भारत डिपोट कर दिया गया था। पंजाब पुलिस ने दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से गिरफ्तार किया था लेकिन जेल में भी वह चरमपंथियों के साथ लगातार संपर्क में रहा।
गुरदेव सिंह अपने भाई गुरमीत सिंह बग्गा से लगातार संपर्क में रहा और पाकिस्तान में आईएसआई की शरण में रह रहे रंजीत सिंह उर्फ नीटा से भी लगातार भाई के मार्फत बात होती रही। पाकिस्तान से हथियार लाने का पूरा खाका गुरदेव सिंह ने ही तैयार करवाया था। पंजाब पुलिस की खुफिया शाखा आतंकियों आकाशदीप सिंह, बलवंत सिंह उर्फ बाबा उर्फ निहंग, हरभजन सिंह, बलबीर सिंह और प्रोडक्शन वारंट पर लिए गए मान सिंह से गहन पूछताछ कर रही है। जेआईटी में गुरदेव सिंह से कई सवाल कर उनको क्रास चेक किया गया।