हरियाणा के पूर्व सीएम मनोहर लाल डॉक्टर बनना चाहते थे, हालांकि पिता की इच्छा कुछ और थी। वहीं, मनोहर लाल साल 1977 में वह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े और आजीवन अविवाहित रहने का संकल्प लेकर निजी जीवन को जनसेवा के लिए समर्पित कर दिया।
निवर्तमान मुख्यमंत्री मनोहर लाल को करनाल लोकसभा सीट से टिकट देकर चुनाव मैदान में उतारा गया है। ऐसे में पूरे प्रदेश की नजर करनाल लोकसभा सीट पर आ टिकी है। इससे उनके पैतृक गांव बनियानी में भी उत्सव सा माहौल है। परिजनों ने इसे सराहनीय बताया है।
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मनोहर लाल का पैतृक गांव बनियानी है। वर्ष 1947 में वह रोहतक के गांव निंदाना में आकर बस गए थे। इस बीच उन्होंने पढ़ाई के दौरान रहते हुए चर्चा-परिचर्चाओं में भाग लेना शुरू किया। मनोहर लाल डॉक्टर बनना चाहते थे, लेकिन उनके पिता चाहते थे कि वह परिवार के अन्य सदस्यों की तरह ही खेती करें।
शिक्षा के महत्व पर पिता को विश्वास में लेकर रोहतक के नेकीराम शर्मा राजकीय महाविद्यालय में प्रवेश लिया। वह परिवार के एकमात्र दसवीं से आगे पढ़ाई करने वाले सदस्य हैं। मेडिकल कॉलेज की प्रवेश परीक्षा की तैयारी के लिए उन्होंने दिल्ली का रुख किया। यहां से उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन की।
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निवर्तमान मुख्यमंत्री मनोहर लाल को करनाल लोकसभा सीट से टिकट देकर चुनाव मैदान में उतारा गया है। ऐसे में पूरे प्रदेश की नजर करनाल लोकसभा सीट पर आ टिकी है। इससे उनके पैतृक गांव बनियानी में भी उत्सव सा माहौल है। परिजनों ने इसे सराहनीय बताया है।
मनोहर लाल का पैतृक गांव बनियानी है। वर्ष 1947 में वह रोहतक के गांव निंदाना में आकर बस गए थे। इस बीच उन्होंने पढ़ाई के दौरान रहते हुए चर्चा-परिचर्चाओं में भाग लेना शुरू किया। मनोहर लाल डॉक्टर बनना चाहते थे, लेकिन उनके पिता चाहते थे कि वह परिवार के अन्य सदस्यों की तरह ही खेती करें।
शिक्षा के महत्व पर पिता को विश्वास में लेकर रोहतक के नेकीराम शर्मा राजकीय महाविद्यालय में प्रवेश लिया। वह परिवार के एकमात्र दसवीं से आगे पढ़ाई करने वाले सदस्य हैं। मेडिकल कॉलेज की प्रवेश परीक्षा की तैयारी के लिए उन्होंने दिल्ली का रुख किया। यहां से उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन की।
हरियाणा में मुख्यमंत्री बनने का सफर
लोकसभा चुनाव-2014 के दौरान हरियाणा चुनाव अभियान समिति का सीएम मनोहर लाल को अध्यक्ष नियुक्त किया गया। उनके कुशल चुनाव अभियान की बदौलत हरियाणा में भाजपा ने 10 में से 7 लोकसभा सीटें जीतकर सफलता हासिल की। उन्होंने 13वीं हरियाणा विधानसभा के लिए अक्तूबर, 2014 में हुए चुनाव में करनाल विधानसभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी के रूप में पहली बार चुनाव लड़ा और 63,773 मतों से विजयी हुए।
21 अक्तूबर, 2014 को हरियाणा भाजपा विधायक दल के सर्वसम्मति से नेता चुने गये। उन्होंने 26 अक्तूबर, 2014 को हरियाणा के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ग्रहण की। मनोहर लाल हरियाणा के इतिहास में पहले ऐसे नेता हैं, जो पहली बार विधायक बने और मुख्यमंत्री का पद संभाला।