पीड़ित बच्चे के पिता ने कहा कि वह जो भी कमाई करता है, वह सब बच्चे के उपचार पर लगा देता है। लेकिन अब ब्लड बैंक कर्मियों ने लापरवाही कर उसकी पूरी दुनिया ही खत्म कर दी है। अब उम्मीद नहीं है कि उसका बच्चा कभी ठीक हो पाएगा।
स्वास्थ्य मंत्री और सीएम करें कड़ी कार्रवाई
पीड़ित बच्चे के पिता ने स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू और मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह से आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि एचआईवी संक्रमित रक्त चढ़ाने वाले ब्लड बैंक कर्मियों को तुरंत नौकरी से निकाला जाए और पुलिस केस दर्जकर गिरफ्तार किया जाए।
इलाज करवा रहे परिजनों में खौफ का माहौल
सूत्रों के अनुसार बठिंडा के सिविल अस्पताल से 80 से अधिक थैलेसीमिया से पीड़ित बच्चे का इलाज परिजन करवा हैं। लेकिन पिछले पांच माह में तीन एचआईवी संक्रमित ब्लड चढ़ाने के मामले सामने आने के बाद अब बच्चों के परिजनों में खौफ का माहौल है। उन्हें डर है कि न जाने कब उनके बच्चे को एचआईवी संक्रमित ब्लड चढ़ा दिया जाए।