शिअद कोटे की बाकी चार और भाजपा के हिस्से की तीन सीटों के संभावित उम्मीदवारों के संबंध में चर्चाओं ने जोर पकड़ लिया है। जैसा उलटफेर शिअद उम्मीदवारों की गत मंगलवार को जारी हुई पहली सूची में खडूर साहिब, जालंधर और फतेहगढ़ साहिब सीटों पर देखने को मिला, वैसा ही कुछ बाकी चार सीटों के संबंध में भी होने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता। चुनावी समझौते के तहत शिअद 10 और भाजपा 3 लोकसभा सीटों पर चुनाव लड़ते हैं। शिअद कोटे की पटियाला, लुधियाना, फिरोजपुर और फरीदकोट सीटों पर अभी उम्मीदवारों की घोषणा बाकी है।
पटियाला सीट पर नया प्रत्याशी आना तय!
शिअद महासचिव प्रो. प्रेम सिंह चंदूमाजरा के श्री आनंदपुर साहिब से पार्टी उम्मीदवार बनाए जाने के कारण पटियाला सीट पर नया प्रत्याशी आना तय है। फिलहाल यहां से पंजाब के ग्रामीण विकास एवं पंचायत मंत्री सुरजीत सिंह रखड़ा तथा जिला योजना कमेटी, पटियाला के चेयरमैन दीपइंदर सिंह ढिल्लों के नाम संभावित प्रत्याशियों के रूप में चल रहे हैं। पार्टी के वरिष्ठ नेता बलवंत सिंह रामूवालिया को यहां से उम्मीदवार घोषित करके शिअद अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल सभी को अचंभित भी कर सकते हैं। 2009 के लोकसभा चुनाव में प्रो. चंदूमाजरा यहां से पार्टी प्रत्याशित थे।
लुधियाना के जंग पर लोगों की बढ़ी दिलचस्पी
लुधियाना लोकसभा क्षेत्र से आम आदमी पार्टी प्रत्याशी के रूप में एडवोकेट एचएस फुल्का के मैदान में उतरने के बाद यहां से शिअद उम्मीदवार की घोषणा के संबंध में लोगों में उत्सुकता बढ़ गई है। माना जा रहा है कि फुल्का अन्य वर्गों के अलावा सिख वोटरों को अधिक प्रभावित करेंगे, क्योंकि वह 1984 के सिख विरोधी दंगों के पीड़ितों के केस लंबे समय तक लड़ते रहे हैं। अभी तक यहां से शिअद टिकट की रेस में दाखा से पार्टी के विधायक मनप्रीत सिंह अयाली और पूर्व सांसद गुरचरण सिंह गालिब के नाम ही आगे हैं। 2012 के विधानसभा चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशियों के रूप में दो सीटों पर बड़ी जीत दर्ज करने वाले बैंस बंधुओं में से किसी एक पर पार्टी विश्वास कर ले, तो इसमें हैरानी वाली कोई बात नहीं होगी।
फिरोजपुर में मुकाबला 50-50
यूं तो फिरोजपुर से मौजूदा लोकसभा सदस्य शेर सिंह घुबाया पार्टी टिकट के सशक्त दावेदार हैं, लेकिन यदि शिअद अध्यक्ष ने फतेहगढ़ साहिब और जालंधर वाला फार्मूला यहां दोहराया तो टिकट पूर्व सांसद जोरा सिंह मान के बेटे वरदेव सिंह मान की झोली में भी जा सकती है। दोनों ही नेता क्षेत्र में काफी सक्रिय हैं। घुबाया की तो पार्टी आलाकमान से काफी नजदीकी भी है, फिर भी परिस्थितियों के मुताबिक पार्टी अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल का निर्णय कुछ भी हो सकता है।
फरीदकोट में लाख टके का सवाल, प्रत्याशी कौन!
फरीदकोट (रिजर्व) लोकसभा सीट से मौजूदा सांसद परमजीत कौर गुलशन हैं। कुछ समय पहले तक उन्हें फतेहगढ़ साहिब (रिजर्व) सीट पर शिफ्ट करके फरीदकोट से अजीत सिंह सांत को शिअद उम्मीदवार के रूप में मैदान में उतारने की चर्चाएं थीं। पूर्व विधायक सांत कुछ महीने पहले ही कांग्रेस छोड़कर शिअद में शामिल हुए थे। गत मंगलवार को जारी हुई छह लोकसभा उम्मीदवारों की सूची में फतेहगढ़ साहिब से पार्टी ने रीयल एस्टेट कारोबारी और नगर परिषद (अब नगर निगम) मोहाली के पूर्व अध्यक्ष कुलवंत सिंह को उम्मीदवार बनाया है। ऐसे में फरीदकोट से पार्टी प्रत्याशी कौन होगा, इसे लेकर चर्चांए जोरों पर हैं।
यहां लॉबिंग में कोई कसर नहीं छोड़ रहे भाजपाई नेता
बेशक कुछ दिन पहले हुई भाजपा प्रदेश चुनाव समिति की बैठक में पार्टी कोटे की तीन लोकसभा सीटों अमृतसर, गुरदासपुर और होशियारपुर से संभावित उम्मीदवारों के पैनल फाइनल किए गए, लेकिन उम्मीदवारी के लिए जोर-आजमाइश जारी है। जानकारों के अनुसार टिकट के लिए राष्ट्रीय स्तर पर लॉबिंग हो रही है। इसमें कोई नहीं कि प्रदेश नेतृत्व चाहता है कि राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेतली अमृतसर से चुनाव लड़ें, लेकिन यहां से मौजूदा सांसद नवजोत सिद्धू का दावा भी कमजोर नहीं है। वहीं, प्रदेशाध्यक्ष कमल शर्मा खुद चुनाव लड़ने से इंकार कर रहे हैं, लेकिन पार्टी हाईकमान का आदेश आया तो वह मना नहीं कर पाएंगे।
अमृतसर से संबंधित पैनल में अन्य नाम राजिंदर मोहन सिंह छीना और बलदेव चावला के हैं। गुरदासपुर से पार्टी प्रत्याशी बनने के लिए मुकाबला पूर्व केंद्रीय मंत्री विनोद खन्ना और भाजपा के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य स्वर्ण सलारिया के बीच है। होशियारपुर (रिजर्व) सीट से पंजाब के मुख्य संसदीय सचिव सोम प्रकाश और फॉरेस्ट डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन के चेयरमैन विजय सांपला प्रबल दावेदार हैं। हालांकि पार्टी सूत्र बताते हैं कि गुरदासपुर से विनोद खन्ना और होशियारपुर से सोम प्रकाश को टिकट मिलना लगभग तय है लेकिन अन्य दावेदार भी लॉबिंग में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं। उधर, अमृतसर से सिद्धू को टिकट मिलने में संशय हैं।