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ज्यादा मतदान तो रहो उलटफेर को तैयार

Wed, 09 Apr 2014 08:28 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
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शहर में 10 अप्रैल को लोकसभा का 13वां चुनाव है। लेकिन, इस बार का चुनाव हर बार से अलग है। चंडीगढ़ में पिछले लगभग 25 सालों में चुनाव में मतदान करने वालों की संख्या बढ़ी है।
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लेकिन, चुनाव जीतने वाले उम्मीदवारों का वोट प्रतिशत कभी भी 52 फीसदी से ज्यादा नहीं रहा। जबकि पहले जीत का प्रतिशत अधिक होता था।

चंडीगढ़ से अभी तक भाजपा को 2 बार ही सफलता मिली है, जबकि कांग्रेस के उम्मीदवारों ने 7 बार चंडीगढ़ से चुनाव जीता है। कांग्रेस की तुलना में भाजपा के उम्मीदवार को मिला कुल वोट का प्रतिशत कम था।
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जब-जब मतदान ज्यादा, हुआ उलटफेर

चंडीगढ़ के लोकसभा चुनाव के इतिहास से यह स्पष्ट है कि चंडीगढ़ में जब भी मतदान का प्रतिशत बढ़ा है तो उसका फायदा या तो कांग्रेस को मिला है या चुनाव में उलटफेर हुआ है। दो बार मतदान का प्रतिशत बढ़ने का कांग्रेस को लाभ मिला।

चंडीगढ़ में अभी तक 1984 में सबसे ज्यादा मतदान का प्रतिशत रहा है। इस साल कांग्रेस के उम्मीदवार जगन्नाथ कौशल विजयी रही थे। 1991 से 2004 तक चंडीगढ़ में मतदान का प्रतिशत 60 से नीचे रहा।

2004 में जब मतदान का प्रतिशत बढ़कर 65.02 हुआ तो कांग्रेस के उम्मीदवार पवन कुमार बंसल ने चुनाव जीता। जबकि, 1989 में जब मतदान का प्रतिशत 65.67 था तब कांग्रेस और भाजपा को हराकर जनता दल के हरमोहन धवन चुनाव जीते थे।

इसी तरह 1977 में जब मतदान का प्रतिशत 67.4 था तब भारतीय लोकदल के उम्मीदवार कृष्ण कांत ने चुनाव जीता था।

2009 में बंसल के जीत का बढ़ा था मार्जिन

कांग्रेस के उम्मीदवार पवन कुमार बंसल ने दावा किया है कि इस बार उनका जीत का मार्जिन पिछले सालों से बढ़ेगा। बंसल ने शहर से पहला लोकसभा चुनाव 1991 में जीता था। उस साल उन्होंने 15095 मतों से चुनाव जीता।

इस साल बंसल को 35.53 प्रतिशत लोगों ने ही वोट डाले। इसके बाद 1999 में बंसल ने दूसरी बार जब चंडीगढ़ से लोकसभा चुनाव जीता तो जीत का मार्जिन सिर्फ 5449 वोट था। हालांकि, 46.99 प्रतिशत लोगों ने बंसल को वोट डाले थे।

2004 में बंसल ने तीसरा लोकसभा चुनाव 45248 मतों से चुनाव जीता। इस साल चंडीगढ़ के 52.06 फीसदी लोगों ने बंसल को वोट डाले।

2009 में बंसल ने 58967 वोटों से चुनाव जीता। जबकि बंसल 1996 में बंसल 23969 वोटों से चुनाव हारे थे और 1998 में वह 10366 मतों से चुनाव हारे थे।

पिछले कुछ चुनाव में मतदान और मतदान प्रतिशत

वर्ष--------मतदान किया--------मतदान प्रतिशत  
1991--------2,13,662--------57.84
1996--------2,63, 189--------58.41
1998--------2,85, 149--------53.69
1999--------2, 82, 879--------48.35
2004--------2, 68, 670--------51.14
2009--------3, 43,557--------65.02

पिछले कुछ चुनाव में विजेता और उनके वोट

वर्ष--------विजेता--------कुल वोट--------प्रतिशत
1991-----पवन बंसल-----76628--------35.86
1996-----सत्यपाल जैन----101137------39.05
1998-----सत्यपाल जैन-----119787-----42.36
1999-----पवन बंसल------132914------46.99
2004-----पवन बंसल------139880-------52.06
2009-----पवन बंसल--------161042-----46.87
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इस बार चुनाव में यह होगा नया

-पहली बार चंडीगढ़ में मतदाता 6 लाख से अधिक
-पहली बार चंडीगढ़ से आम आदमी पार्टी लड़ रही है चुनाव
-पहली बार नोटा का दिया गया है विकल्प
-पहली बार चंडीगढ़ से 5 महिलाएं लड़ रही है चुनाव
-चुनाव मैदान में धवन, जैन और बंसल की तिकड़ी नहीं है
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