कांग्रेस के संतोख सिंह चौधरी ने अकाली दल के पवन कुमार टीनू को 70,981 वोटों से हराया था। कांग्रेस के चौधरी संतोख सिंह को 3,80,479 मत और अकाली दल के टीनू को कुल 3,09,498 मत प्राप्त हुए थे। तीसरे नंबर पर 2,54,121 वोट लेकर आम आदमी पार्टी की उम्मीदवार ज्योति मान थीं। इस बार आप ने यहां से बेअदबी कांड की जांच करने वाले जस्टिस जोरा सिंह को मैदान में उतारा है।
जालंधर लोकसभा हलका में 9 विधानसभा सीटों में चार सुरक्षित सीट हैं, जहां पर बहुसंख्यक वोट अनुसूचित जाति का है। जहां शिअद उम्मीदवार चरणजीत सिंह अटवाल शहरों में मोदी के नाम पर वोट मांग रहे हैं वहीं गांवों में कैप्टन सरकार के खिलाफ बोलकर वोटरों को अपनी तरफ खींच रहे हैं।
वहीं कांग्रेस के उम्मीदवार चौधरी संतोख सिंह शहरों में जीएसटी व नोटबंदी के बाद व्यापार पर हुए असर को लेकर वोट मांग रहे हैं। साथ ही मोदी सरकार द्वारा जालंधर में कोई बड़ा प्रोजेक्ट न देने की बात उठा रहे हैं। गांवों में कांग्रेस के न्याय को लेकर वह लगातार प्रचार कर रहे हैं।
जालंधर कुल वोटर-16,15,171
पुरुष - 8,41,845
महिला - 7,73,306
थर्ड जेंडर - 20
चौ. संतोख सिंह (कांग्रेस)
मजबूती : कांग्रेस की सुरक्षित सीट मानी जाती है, रविदासिया समाज से हैं, जिसका 33 फीसदी वोट है
कमजोर : शहरों में विकास और कैप्टन सरकार के वादे पूरे न होने के कारण लोगों में नाराजगी
चरणजीत सिंह अटवाल (शिअद)
मजबूती : मोदी नाम का सहारा
कमजोरी : बाहरी प्रत्याशी, लोगों में अकाली दल के प्रति नाराजगी
बलविंदर कुमार (पीडीए)
मजबूती : पढ़े लिखे व युवा रविदासिया समाज से, रविदासिया समाज का बहुसंख्यक वोट
कमजोरी : बसपा का 1.5 फीसदी तक गिरा हुआ वोट बैंक
जस्टिस जोरा सिंह (आम आदमी पार्टी)
मजबूती : हाईकोर्ट के पूर्व जस्टिस, बेअदबी की जांच करने वाले आयोग के प्रमुख
कमजोरी : बाहरी प्रत्याशी और आप का बिखरा हुआ जनाधार