भूपेंद्र सिंह हुड्डा, पूर्व मुख्यमंत्री हरियाणा
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पूर्व सीएम व सोनीपत से कांग्रेस प्रत्याशी भूपेंद्र सिंह हुड्डा इन दिनों भाजपा सरकार पर सियासी तीर छोड़ रहे हैं। अमित शाह की रैली के बाद हुड्डा ने जहां पलटवाटर करते हुए खुद अपराधों में संलिप्त रहने वालों को नसीहतें न बांटने की सलाह दे डाली, वहीं उन्होंने ईमानदारी पर भी भाजपा को घेरा।
हुड्डा ने कहा कि कहने-सुनने में ईमानदारी अच्छा शब्द, मगर अमल करना भाजपा के बूते की बात नहीं। उन्होंने कहा कि भाजपा का घोषणा पत्र केवल जुमला पत्र है। हुड्डा ने कहा कि हरियाणा की ईमानदार सरकार अरावली बेच रही थी, तो सुप्रीम कोर्ट को हस्तक्षेप करना पड़ा।
यह जनता को बताने की जरूरत नहीं है। दूसरों को नसीहत देने से पहले भाजपा नेता यह भी पूछ लें कि खनन घोटाला, कर्मचारी चयन आयोग भर्ती नीलामी मामला और अरावली पर्वतमाला को बेचने पर उनकी क्या राय है।
उन्होंने कहा कि भाजपा का चुनावी घोषणा पत्र यह एक नया जुमला है, जो जनता के बीच फेंका गया है। 154 वादों का जुमला पिछले लोकसभा चुनाव में फेंका था, जिसका एक भी वादा पूरा नहीं किया गया। उन्होंने शाह की चुनौती को स्वीकार करते हुए कहा कि मेरी छोड़े, भाजपा के नेता कांग्रेस के किसी भी प्रवक्ता से विकास के मुद्दे पर बहस कर लें, सारी हकीकत सामने आ जाएगी।