ऐसे पदाधिकारियों ने पार्टी के प्रति अपनी निष्ठा और अब तक किए कामों का हवाला देते हुए टिकट मांगा है। लेकिन राज्य के दिग्गज और वरिष्ठ मंत्रियों द्वारा अपने बेटों और रिश्तेदारों के लिए भी टिकट की मांग उठाए जाने से यह ग्राउंड लेवल के दावेदार आहत हैं। विभिन्न लोकसभा सीटों से ऐसे दावेदारों में न सिर्फ भारी रोष है बल्कि यह संकेत भी दे रहे हैं कि अगर किसी मंत्री पुत्र को टिकट दिया गया तो इसका विरोध किया जाएगा।
इस संबंध में विभिन्न संसदीय क्षेत्रों में टिकट के दावेदार ग्राउंड लेवल के पदाधिकारियों ने नाम न छापने का आग्रह करते हुए कहा कि पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी कई बार कह चुके हैं कि एक परिवार में एक टिकट ही दिया जाएगा। इन पदाधिकारियों ने इस बात पर निराशा जाहिर की कि जिन कार्यकर्ताओं ने पार्टी के लिए दिन-रात मेहनत की है, उन्हें अनदेखा कर जब पार्टी के दिग्गज नेता अपने रिश्तेदारों को चुनाव में उतार देते हैं तो अफसोस होता है।
इस बार भी अगर उनके हलकों से पार्टी ने मंत्रियों के बेटों को टिकट दी तो पार्टी के लिए काम करने के बारे में दोबारा सोचा जाएगा क्योंकि टिकट से चूक जाने के बाद उन्हें फिर पांच साल इंतजार करना पड़ेगा।
पंजाब सरकार के अधिकतर मंत्रियों ने अपने बेटों और रिश्तेदारों के लिए विभिन्न संसदीय क्षेत्रों से टिकट की मांग की हुई है। इनमें स्वास्थ्य मंत्री ब्रह्म मोहिंदरा ने अपने बेटे के लिए बठिंडा से, खरड़ से विधायक जगमोहन सिंह कंग ने अपने बेटे के लिए आनंदपुर साहिब से, पूर्व मुख्यमंत्री राजिंदर कौर भट्ठल ने अपने दामाद के लिए आनंदपुर साहिब से, वन मंत्री साधू सिंह धर्मसोत ने अपने बेटे के लिए फतेहगढ़ साहिब से, गिल से विधायक कुलदीप वैद्य ने अपने बेटे के लिए फरीदकोट से, इंदरजीत सिंह जीरा ने अपने बेटे के लिए खडूर साहिब से, अमरगढ़ से विधायक सुरजीत सिंह धीमान ने अपने बेटे के लिए संगरूर या लुधियाना से और विधायक दर्शन सिंह बराड़ ने भी अपने बेटे के लिए टिकट की मांग पार्टी से की है।
13 सीटों पर कांग्रेस के 201 दावेदार
पंजाब की 13 लोकसभा सीटों पर कांग्रेस के टिकट के लिए कुल 201 नेताओं ने आवेदन किया है। इनमें टिकट के सबसे ज्यादा 31 दावेदार फरीदकोट सीट से हैं जबकि फतेहगढ़ साहिब से 27, आनंदपुर साहिब से 26, खडूर साहिब से 21, होशियारपुर से 17, फिरोजपुर से 15, बठिंडा और संगरूर सीटों के लिए 14-14, अमृतसर सीट के लिए 13 और जालंधर व लुधियाना सीटों पर टिकट के लिए 9-9 लोगों ने आवेदन किया है।
टिकट से सबसे कम दावेदार पटियाला (2) और गुरदासपुर (3) सीटों के लिए हैं। पटियाला में मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की पत्नी परनीत कौर का टिकट पक्का है जबकि गुरदासपुर सीट पर प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ को फिर से टिकट मिलना तय है।