ढाई साल पहले राहुल की हत्या करने के दोषी को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी राजेश उर्फ काकू निवासी गांधी नगर पर एक लाख रुपये जुर्माना भी लगाया है। दोषी राजेश ने पांच हजार रुपये चोरी करने के शक में राहुल की बेरहमी से हत्या कर दी थी। आरोपी ने सबूत मिटाने के लिए शव को नाले में फेंक दिया था।
जिला उप न्यायवादी चंद्रमोहन ने बताया कि पांच दिसंबर 2020 को थाना कृष्णा गेट पुलिस को गांधी नगर के नाले में राहुल (22) का शव मिला था। राहुल हलवाई की दुकान पर काम करता था। उसके मौसेरे भाई प्रिंस निवासी श्याम कॉलोनी ने उसकी शिनाख्त करके केस दर्ज कराया था। जांच करते हुए पुलिस ने आरोपी राजेश को गिरफ्तार किया था।
पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया था कि उसके पड़ोस में लेडीज संगीत का कार्यक्रम था। जहां पर उसके पांच हजार रुपये गिर गए थे। उसे शक था कि पांच हजार रुपये राहुल ने ही उठाए हैं। शक होने पर उसने राहुल की तलाशी ली लेकिन राहुल के पास पैसे नहीं मिले थे। इस कारण राहुल ने उस पर चोरी का झूठा इल्जाम लगाने पर थप्पड़ जड़ दिया था। इसके कुछ देर बाद राहुल फिर से उसी गली में खेड़े के पास मिल गया था।
थप्पड़ का बदला लेने के लिए उसने राहुल को थप्पड़ मारा और सड़क पर गिरने से उसका खून निकलना शुरू हो गया था। पकड़े जाने के डर से उसने एक लक्कड़ उठाकर राहुल के चेहरे पर तीन-चार वार किए थे। मरने के बाद उसे घसीट कर नाले में फेंक दिया था। इस मामले की नियमित सुनवाई करते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश आराधना साहनी की अदालत ने आरोपी राजेश को आईपीसी की धारा 302 के तहत आजीवन कारावास व एक लाख रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है।