आपराधिक मामला दर्ज न करने के मामले में पुलिस कम्पलेंट अथारिटी ने सेक्टर 34 थाना प्रभारी राजेश शुक्ला, एएसआई सेवा सिंह और सेक्टर 47 निवासी धीरज लांबा को नोटिस जारी किया है। पुलिस कम्पलेंट अथारिटी ने नोटिस पर तीनों को 19 मई को जवाब दायर करने के लिए कहा है।
शिकायतकर्ता जसबीर ने मांग की है कि सेक्टर 34 थाना प्रभारी राजेश शुक्ला और जांच अधिकारी एएसआई सेवा सिंह पद का दुरुपयोग करने, उसे हरासमेंट करने, टार्चर करने और धमकी देने के तहत मामला दर्ज हो। सेक्टर-8 निवासी जसबीर सिंह लोहान ने पीसीए में दी शिकायत में बताया कि जनवरी महीने में उसने अपने दोस्त सेक्टर 47 निवासी धीरज लांबा को बुलेट मोटरसाइकिल और एप्पल का फोन इस्तेमाल करने के लिए दिया था।
जींद से वापिस आकर अगले महीने उसने दोस्त से मोटरसाइकिल और मोबाइल फोन मांगा। धीरज मोटरसाइकिल और मोबाइल फोन वापिस देने के लिए बहाने बनाने लगा। 20 मार्च को उसने धीरज लांबा के खिलाफ एसएसपी को शिकायत दी थी। शिकायत की जांच सेक्टर 34 थाने में तैनात एएसआई सेवा सिंह के पास गई।
सेवा सिंह ने उसे एक बार भी नहीं बुलाया और न ही धीरज से पूछताछ की। एक महीने बाद पता चला कि एएसआई ने शिकायत को फाइल कर दिया। वह दुबारा से मामले को लेकर डीएसपी साउथ सुरजीत सिंह से मिले और मामले की जानकारी उन्हें दी। डीएसपी ने एएसआई को जांच करने के लिए कहा।
डीएसपी के कहने पर एएसआई ने मोटरसाइकिल बरामद कर ली। बाद में उन्हें बताया कि धीरज लांबा को उसने मोटरसाइकिल बेच रखी है, जिसका उसके पास एफिडेवेट है। जसबीर सिंह ने आरोप लगाया कि पुलिस धीरज के साथ मिली हुई है। पुलिस ने अभी तक उसका मोबाइल फोन भी बरामद नहीं किया है।